Budaun News: झिझक छोड़कर आत्मविश्वास के साथ आगे आएं छात्राएं

05बीडीएन02-राजकीय महाविद्यालय में अपराजिता कार्यक्रम में बोलती डीपीआरओ श्रेया मिश्रा। संवाद
बदायूं। डीपीआरओ श्रेया मिश्रा ने कहा कि आज समाज में पुरुषों से किसी भी क्षेत्र में महिलाएं कम नहीं हैं। अपने फैसले लेनेे के लिए महिलाओं को स्वतंत्र होना चाहिए। यही सशक्तीकरण है। इसके लिए बस अपने अंदर की झिझक छोड़कर आत्मविश्वास के साथ आगे आना होगा।
अमर उजाला फाउंडेशन की मुहिम अपराजिता-100 मिलियन स्माइल्स के तहत शुक्रवार को राजकीय डिग्री कॉलेज में आयोति कार्यक्रम में मुख्य अतिथि डीपीआरओ श्रेया मिश्रा ने कहा कि सशक्तीकरण के लिए महिलाओं को निर्णय का अधिकार होना चाहिए। इसके लिए अपना एक लक्ष्य बनाकर चलें और उसे पूरा करने में लग जाएं। छात्राओं को पढ़ाई और अपने लक्ष्य से प्यार होना चाहिए, साथ ही खुद को सशक्त करना चाहिए। ्र
उन्होंने कहा कि सकारात्मक सोच बेहद जरूरी है। वर्तमान समय में महिलाएं अबला नहीं, सबला की प्रतीक बन चुकी है। कई क्षेत्र में महिलाओं ने अपने दम पर कई अच्छे मुकाम पर पहुंची है। कहा कि अपनी रुचि के अनुसार पढ़ाई करें और उसी के मुताबिक अपना लक्ष्य तय करें। इस मौके पर एनएसएस के नोडल अधिकारी डॉ. राकेश कुमार जायसवाल भी मौजूद रहे।
छात्राओं ने पूछे सवाल, डीपीआरओ ने दिए जवाब
कार्यक्रम में छात्राओं ने डीपीआरओ से कई सवाल भी किए और अपनी जिज्ञासाओं का समाधान किया। छात्रा सेजल ने कहा कि पढ़ाई करते समय नींद आती है। इस पर डीपीआरओ ने कहा कि यह तभी होता है, जब केवल पढ़ाई के उद्देश्य से बैठते हैं। अगर आप सीखने के उद्देश्य से पढ़ाई करेंंगे तो आपको नींद नहीं आएगी। कहा कि घंटों के हिसाब से पढ़ाई नहीं करनी चाहिए, बल्कि किसी पाठ, चेप्टर को टारगेट बनाकर पढ़ाई करे, ताकि ज्यादा से ज्यादा ज्ञान अर्जित कर सके। अन्य सवालों के जवाब भी डीपीआरओ ने दिए।

05बीडीएन02-राजकीय महाविद्यालय में अपराजिता कार्यक्रम में बोलती डीपीआरओ श्रेया मिश्रा। संवाद


