Shahjahanpur News: अपहरण के तीन दोषियों को आजीवन कारावास की सजा
शाहजहांपुर। सप्तम् अपर जिला जज एवं सत्र न्यायाधीश मनोज कुमार सिद्धू ने अपहरण के एक मुकदमे में तीन दोषियों को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। दोषियों पर 25-25 हजार रुपये जुर्माना भी लगाया है।
सरकारी वकील भावशील शुक्ला ने बताया कि तिलहर थाना क्षेत्र के गांव खिरिया उदैत निवासी राजाराम का भाई रामरतन छह दिसंबर 2004 को खेत, बाजार जाने की बात कहकर गया था। जब वह शाम को घर नहीं लौटा तो परिवार वालों ने कई दिनों तक तलाश किया। राजराम की ओर से तिलहर थाने पर अज्ञात लोगों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई गई।
आरोपियों ने वादी के भाई रामरतन के अतिरिक्त एक अन्य व्यक्ति राकेश का भी अपहरण किया था। विवेचना के उपरांत जलालाबाद क्षेत्र के गांव खजुरिया नंगला निवासी गुड्डन काछी, मिर्जापुर क्षेत्र के गांव हिलगी निवासी प्रमोद, गांव उइला निवासी बाबा काछी तथा रजनेश, मजिस्टर, रामाधार के नाम प्रकाश में आए। इन लोगों के विरुद्ध आरोप-पत्र अदालत में भेजा गया। प्रस्तुत प्रकरण में मजिस्टर, रामाधार तथा रजनेश की ओर से जुर्म इकबाल के आधार पर उनकी पत्रावली मूल पत्रावली से 27 जुलाई 2011 को अलग कर दी गई थी। अपहृत रामरतन के बदले में फिरौती में 20 हजार रुपये लेने के बाद भी रामरतन को छोड़ा नहीं गया। पुलिस ने मुखबिर की सूचना पर कटरी से रामरतन व राकेश को बरामद कर लिया गया। अदालत में मुकदमा चलने के दौरान नौ गवाहों के बयानात तथा सरकारी वकील भावशील शुक्ल के तर्कों को सुनने के बाद गुड्डन काछी, प्रमोद, बाबा काछी को दोषी पाते हुए उन्हें आजीवन कारावास एवं 25-25 हजार रुपये जुर्माना की सजा सुनाई है।