Budaun News: आईसीयू में चूहों ने कुतरा, इलाज के बजाय भेज दिया घर
राजकीय मेडिकल कॉलेज का मामला, प्राचार्य ने सीएमएस को सौंपी जांच, 48 घंटे में मांगी रिपोर्ट
संवाद न्यूज एजेंसी
बदायूं। राजकीय मेडिकल कॉलेज के आईसीयू में वेंटिलेटर पर भर्ती मरीज को पिछले दो-तीन दिन से लगातार चूहे कुतर रहे थे। शिकायत के बावजूद भी कॉलेज प्रशासन ने इस ओर ध्यान नहीं दिया। जब मामला जगजाहिर हुआ तो कॉलेज प्रशासन ने मरीज का इलाज करने के बजाय उसे बेहोशी की हालात में डिस्चार्ज कर दिया।
दातागंज निवासी रामसेवक को उनकी पत्नी स्वाति और परिजनों ने 30 जून को राजकीय मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया था। वहां पर एक सप्ताह से उनकी हालत खराब हो रही थी। ऐसे में कॉलेज प्रशासन ने उनको वेंटिलेटर पर ले लिया। यहां पर स्वाति ने देखा कि उनके पति के शरीर को चूहे खा रहे हैं। इस पर उन्होंने हंगामा कर दिया। ऐसे में मेडिकल कॉलेज के वार्ड में तैनात स्टाफ नर्स ने मामले को उच्चाधिकारियों को बताया, लेकिन उन्होंने मामले को दबा दिया। सोमवार को मामला मीडिया की सुर्खियों में आने पर कॉलेज प्रशासन ने मरीज का इलाज करने की बजाय बेहोशी की हालत से वहां से डिस्चार्ज कर दिया। हालांकि प्राचार्य डॉ. एनसी प्रजापति का कहना है कि परिजनों की मर्जी से मरीज को डिस्चार्ज किया गया है।
प्राचार्य ने सीएमएस को सौंपी जांच, 48 घंटे में मांगी रिपोर्ट
बदायूं। राजकीय मेडिकल कॉलेज के आईसीयू में भर्ती मरीज के अंगों को चूहे के कुतरने के मामले में प्राचार्य ने सीएमएस को जांच को सौंपी है। वहीं इसकी रिपोर्ट भी 48 घंटे में मांगी है। कॉलेज प्राचार्य एनसी प्रजापति का कहना है कि प्रकरण की जानकारी होने पर उन्होंने जांच कराई तो पता लगा कि मामला चार दिन पुराना है। चूहा ऑक्सीजन पाइप लाइन के सहारे आईसीयू में आया था। जिसको अब बंद कराया जा रहा है। साथ ही आईसीयू के पास निर्माण कार्य चल रहा है। ऐसे में आईसीयू के पास काफी मलबा एकत्र है। उसे भी हटवाया जा रहा है। वहीं इस मामले में जिसकी भी लापरवाही होगी उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।