Bareilly News: मिलावटी शराब बनाने के दो दोषियों को तीन-तीन साल कैद
बरेली। मिलावटी शराब बनाने के दो दोषियों को अपर सत्र न्यायाधीश ज्ञानेंद्र त्रिपाठी की अदालत ने तीन-तीन साल की सजा सुनाई है। छह फरवरी 2019 को रात नौ बजे थाना फरीदपुर के गांव रूरिया के जंगल में पुलिस ने छापा मारा था। वहां पर दो भट्ठियां जलाकर मिलावटी शराब बनाई जा रही थी। आरोपी अंधेरे का लाभ उठाकर भाग गए थे। बाद में अभियुक्त विष्णु व अखिलेश उर्फ मोनू ने कोर्ट में समर्पण कर जमानत कराई थी। अदालत ने उनको दोषी ठहराते हुए तीन-तीन साल कैद की सजा सुनाई है। कोर्ट ने दोषियों पर 15 हजार रुपये जुर्माना भी लगाया है। संवाद
20 साल बाद बरी हुए रिश्वत लेने के तीन आरोपी
बरेली। सुबूतों के अभाव में रिश्वत लेने के तीन आरोपियों को विशेष न्यायाधीश पीसी एक्ट सुरेश कुमार गुप्ता की अदालत ने बरी कर दिया। लाल मणि त्रिपाठी ने दर्ज कराई गई रिपोर्ट में बताया कि वह गीता प्रेस गोरखपुर में प्रोडक्शन मैनेजर के तौर पर काम करते हैं। राजकीय इंटर कॉलेज के तत्कालीन प्रवक्ता गणेश प्रसाद शुक्ला व उनकी पत्नी रीता शुक्ला से उनके नजदीकी संबंध रहे हैं। 18 मई 2003 को इन लोगों ने अपने निजी काम के लिए उससे 1.25 लाख रुपये उधार लिए थे। इस बीच गणेश शुक्ला ने उसके बड़े बेटे अरविंद कुमार त्रिपाठी जो दिव्यांग और एमए पास है, उसकी प्रवक्ता पद पर नौकरी लगवाने का आश्वासन देने लगे। इन लोगों ने न तो उसकी नौकरी लगवाई, न ही रुपये लौटाए। मामले में अभियोजन की ओर से 22 गवाह पेश किए गए। बचाव पक्ष की ओर से अधिवक्ता अजय सक्सेना ने पक्ष रखा। कोर्ट ने संदेह का लाभ देते हुए मोहल्ला खत्रियान बिहारीपुर के रहने वाले गणेश प्रसाद शुक्ला, उनकी पत्नी रीता शुक्ला व उनके बेटे अंकुर शुक्ला को आरोपों से बरी कर दिया। संवाद



