रामपुर

अज्ञानता के कारण होते हैं आपसी झगड़े : शंकराचार्य

Connect News 24

रामपुर। मोदीपुर में चल रही रही श्रीमद्भागवत कथा में रविवार को द्वारका (गुजरात) से आए जगद्गुरू शंकराचार्य स्वामी सदानंद सरस्वती जी महाराज ने कहा कि विश्व को इस तत्व से समझने की जरूरत है कि सभी जीव के पिता एक ही हैं। विश्व को बनाने वाला एक है। हम सब एक की ही संतान हैं तो सब अपने हैं। आपस में किस बात का झगड़ा है। आज जो झगड़े हो रहे हैं, उसका कारण सिर्फ अज्ञानता है। कथा के चौथे दिन गुरु पूजन व देवी देवताओं के आवाहन के बाद जगद्गुरु ने धर्म के पालन को मनुष्य के लिए अति महत्वपूर्ण बताते हुए कहा कि लोक परलोक का निर्माण धर्म का पालन किए बिना नहीं हो सकता। धर्म का अर्थ है कि संसार में रहकर ही आसक्ति से मुक्त होना। इसलिए धर्म का पालन करके कम से कम मनुष्य बनने का प्रयास तो करना ही चाहिए। कहा कि भगवान की श्रेष्ठतम रचना मनुष्य का शरीर है। इसलिए भगवान ने मनुष्य के हृदय को अपना स्थायी निवास स्वीकार किया है। इसलिए परमब्रह्म को जानने का प्रयास करना चाहिए। भगवान हमारे हृदय में निवास करता है और हर पल हमारे साथ है।

जगद्गुरु ने कहा कि हम भगवान की मूर्ति इसलिए लाते हैं क्योंकि हमें अपनी आंखों से भगवान दिखाई नहीं पड़ता, जबकि भगवान सर्वत्र हैं। उन्होंने वराह अवतार की कथा सुनाई। परमात्मा का निराकार स्वरूप है, जो सभी को अनुभूत नहीं होता। इसलिए ही परमात्मा सगुण साकार रूप में होकर आते हैं। कथा में जोशीमठ के पीठाधीश्वर जगद्गुरु शंकरांचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरान्द सरस्वती जी महाराज ने सभी को आशीर्वाद दिया। उन्होंने सनातन धर्म को विश्व कल्याण के लिए महत्वपूर्ण बताया।

फूलों की वर्षा से सराबोर हुए भक्त

मोदीपुर में श्रीमद्भागवत कथा में रविवार को फूलों की होली खेली गई। क्विंटलों फूलों की पंखुड़ियों की बारिश से भक्त सराबोर हो गए। स्थानीय कलाकार प्रेम खत्री व उनकी टीम ने ऐसे मनोहारी कृष्ण भजन गाए कि लोग मगन होकर खूब झूमे। भूपेंद्र मोदी के साथ देश व विदेश से आए मेहमानों ने भी नृत्य किया। माहौल भक्तिभाव से भर गया।


Connect News 24

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button