एक पेड़ लगाना, सौ गायों का दान देने के समान : गौरदास

कथावाचक गौरदास महाराज प्रसंग सुनाते हुए।
– शिव महापुराण कथा एवं रुद्राभिषेक में पहुंचे बड़ी संख्या में श्रद्धालु
संवाद न्यूज एजेंसी
शाहजहांपुर। जीआईसी खेल मैदान पर चल रही शिव महापुराण कथा एवं रुद्राभिषेक में शुक्रवार को बड़ी संख्या में श्रद्धालु पहुंचे। कथा के दौरान हर-हर महादेव के जयकारों से वातावरण गूंजता रहा।
कथावाचक गौरदास महाराज ने भगवान शिव के अवतारों की व्याख्या के साथ पौधों की महत्ता भी बताई। कहा कि यह सनातन धर्म से चला आ रहा है कि मनुष्य जीवन में हरे-भरे पौधों का होना अनिवार्य है। उन्होंने कहा कि कि पेड़ लगाना, सौ गायों के दान देने के समान है।
उन्होंने भगवान शिव के रहस्यों से भी अवगत कराया। कहा कि भगवान शिव को रसेश्वर कहा जाता है। वह जीवन में रस को प्रदान करने वाले हैं। जिस व्यक्ति के जीवन में रस नहीं है, उस व्यक्ति का जीवन मृत तुल्य है।
प्रतीक रूप में भगवान शंकर ने गंगा के तेज प्रवाह को अपनी जटाओं में धारण किया था। जो उनके शरीर से निरंतर प्रवाहित हो रही है। सारी नदियां सूख सकती हैं, लेकिन गंगा की मूल धारा कभी भी सूख नहीं सकती।
इस मौके पर अध्यक्ष दीपक शर्मा, प्रदेश सचिव नीरज वाजपेयी, कांट ब्लॉक प्रमुख दत्त शुक्ला, सिंधौली ब्लाक प्रमुख मुनेश्वर सिंह, अशोक गुप्ता, ओम बाबू सर्राफ, सतीश वर्मा, कृष्ण मोहन आदि मौजूद रहे।

कथावाचक गौरदास महाराज प्रसंग सुनाते हुए।