Rampur News: कारगिल शहीद बलजीत सिंह को श्रद्धांजलि देकर किया याद
रामपुर। कारगिल विजय दिवस पर कारगिल युद्ध में शहीद हुए सरदार बलजीत सिंह को उनकी प्रतिमा पर परिजनों के साथ ही अधिकारियों ने माल्यार्पण कर श्रद्धांजलि अर्पित की। एसडीएम ने शहीद के घर पहुंचकर परिजनों को सांत्वना दी और शहीद के बड़े भाई रणजीत सिंह को शॉल ओढ़ाकर सम्मानित किया।कोतवाली क्षेत्र के उत्तराखंड सीमा से सटे गांव नवाबगंज निवासी कारगिल शहीद बलजीत सिंह के आवास पर बुधवार की सुबह गुरुद्वारे के मुख्य ग्रंथी ज्ञानी जसवीर सिंह ने सुखमनी साहिब का पाठ किया। दोपहर करीब साढ़े 11 बजे पाठ का समापन हुआ। अरदास के पश्चात गुरु का अटूट लंगर हुआ। इससे पूर्व शहीद के बड़े भाई रणजीत सिंह व हरजीत सिंह व अन्य परिजनों के साथ ग्राम प्रधान भागवती देवी, दिलीप सिंह, भूपेंद्र राव, रविंद्र सिंह ग्रेवाल, मलकीत सिंह, मंजीत सिंह अटवाल, गुरप्रीत सिंह आदि के साथ प्रतिमा स्थल पहुंचकर शहीद की प्रतिमा पर माल्यार्पण किया और उन्हें श्रद्धांजलि दी। इसके बाद उपजिलाधिकारी अमन देओल ने प्रतिमा पर माल्यार्पण कर शहीद को श्रद्धांजलि दी। एसडीएम ने शहीद के बड़े भाई रणजीत सिंह को शॉल ओढ़ाकर सम्मानित भी किया। इसके बाद एसडीएम शहीद के आवास पर पहुंचे और परिजनों से शहीद के बाबत जानकारी हासिल की। खंड विकास अधिकारी के प्रतिनिधि के रूप में ग्राम पंचायत अधिकारी त्रिवेंद्र मोहन ने शहीद की प्रतिमा पर ग्राम प्रधान भागवती देवी, दिलीप सिंह के साथ माल्यार्पण किया। पालिकाध्यक्ष चित्रक मित्तल ने भी पहुंचकर उनकी प्रतिमा पर माल्यार्पण किया। इस मौके पर अनिल मदान , हेमंत यादव, रमनदीप सिंह गब्बर, राहुल सैनी, अतिन जैन,सजल नैयर, शमीम हसन, पंकज कश्यप, अनिल राठौर आदि उपस्थित रहे।
बलजीत सिंह की शहादत भूल गए जनप्रतिनिधि
बिलासपुर ग्राम नवाबगंज निवासी कारगिल शहीद बलजीत सिंह के भाई रणजीत सिंह व हरजीत सिंह ने बताया कि कारगिल विजय दिवस पर एसडीएम अमन देओल, पालिका चित्रक मित्तल आदि ने प्रतिमा पर माल्यार्पण कर श्रद्धांजलि दी है। आरोप था कि किसी भी जनप्रतिनिधि को उनके भाई की शहादत याद नहीं है। कोई भी जनप्रतिनिधि उन्हें श्रद्धांजलि देने नहीं पहुंचा। उन्होंने जनप्रतिनिधियों की उपेक्षा पर रोष जताया है।