के.सी.एम.टी. में अनुशासन समिति का गठन, विद्यार्थियों को दिलाई अनुशासन एवं जिम्मेदारी की शपथ
ओरियेंटेशन कार्यक्रम में विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास, संस्कार, अनुशासन एवं करियर निर्माण पर दिया गया जोर



बरेली। खण्डेलवाल कॉलेज में नये शैक्षिक सत्र 2026-27 का शुभारंभ उत्साह एवं उल्लास के साथ किया गया। शुभारंभ कार्यक्रम में बी.एससी., एम.एससी. आदि पाठ्यक्रमों के विद्यार्थियों के साथ उनके अभिभावकों को भी विशेष रूप से आमंत्रित किया गया।ओरियेंटेशन कार्यक्रम में महाविद्यालय के अध्यक्ष श्री गिरधर गोपाल एवं प्रबंध निदेशक डॉ. विनय खण्डेलवाल की ओर से विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास के प्रति अपनी प्रतिबद्धता व्यक्त की गई। उन्होंने कहा कि विद्यार्थियों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा के साथ अच्छे संस्कार, भारतीय संस्कृति एवं मूल्यों के अनुरूप शिक्षा प्रदान करने के साथ-साथ उन्हें कॉर्पोरेट जगत की आवश्यकताओं एवं व्यावहारिक बारीकियों से भी परिचित कराया जाएगा, ताकि वे भविष्य में सफल पेशेवर एवं आदर्श नागरिक बन सकें।कार्यक्रम के दौरान अनुशासन समिति का गठन किया गया। इस अवसर पर 304 विद्यार्थियों को बैज प्रदान किए गए। इसके साथ ही विभिन्न सोसायटियों के पदाधिकारियों को भी बैज वितरित किए गए तथा उन्हें महाविद्यालय में अनुशासन बनाए रखने की शपथ दिलाई गई।इस अवसर पर महाविद्यालय के महानिदेशक डॉ. अमरेश कुमार ने कहा कि अनुशासन ही व्यक्ति को समाज में सम्मान दिलाता है। अनुशासित रहकर विद्यार्थी अपने लक्ष्यों को अधिक आसानी से प्राप्त कर सकते हैं। उन्होंने विद्यार्थियों से जीवन के प्रत्येक क्षेत्र में अनुशासन का पालन करने का आह्वान किया।महाविद्यालय के प्राचार्य डॉ. आर. के. सिंह ने कहा कि अनुशासन विद्यार्थियों के व्यक्तित्व विकास का महत्वपूर्ण आधार है। अनुशासन के माध्यम से विद्यार्थी अपने शैक्षिक एवं व्यावसायिक जीवन में बेहतर प्रदर्शन कर सकते हैं तथा महाविद्यालय के सकारात्मक वातावरण को बनाए रखने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकते हैं।इस अवसर पर चीफ प्रॉक्टर डॉ. प्रबोध गौड़ ने विद्यार्थियों को महाविद्यालय की प्लेसमेंट गतिविधियों एवं उपलब्धियों के बारे में जानकारी दी। उन्होंने विद्यार्थियों को करियर निर्माण के लिए उपलब्ध अवसरों का अधिकतम लाभ उठाने के लिए प्रेरित किया। श्री रजत कपूर ने भी विद्यार्थियों को मार्गदर्शन प्रदान करते हुए अनुशासन एवं जिम्मेदारी के महत्व पर प्रकाश डाला।कार्यक्रम में महाविद्यालय के अध्यक्ष श्री गिरधर गोपाल, प्रबंध निदेशक डॉ. विनय खण्डेलवाल, महानिदेशक डॉ. अमरेश कुमार सहित अन्य गणमान्य अतिथि उपस्थित रहे। धन्यवाद ज्ञापन प्राचार्य डॉ. आर. के. सिंह द्वारा किया गया। कार्यक्रम का संचालन श्री मुकुल गुप्ता द्वारा किया गया।इस अवसर पर विज्ञान संकाय के विभागाध्यक्ष एवं शिक्षकगण उपस्थित रहे। डॉ. मनोज जोशी, प्रभारी, बॉटनी विभाग; डॉ. मोनिका सक्सेना, प्रभारी, जूलॉजी विभाग; डॉ. निशा दिनकर, प्रभारी, बायोटेक्नोलॉजी विभाग; डॉ. शालिनी गुप्ता, प्रभारी, केमिस्ट्री विभाग; डॉ. प्रज्ञा ऋतम्भरा, प्रभारी, होम साइंस विभाग ,श्री बृजेश बाबू, प्रभारी, गणित विभाग; डॉ. मृणाल जौहरी, प्रभारी, भौतिक विज्ञान विभाग उपस्थित रहे।विज्ञान संकाय से डॉ. चंचल श्रीवास्तव, सुश्री फरहा, श्री अरुण, सुश्री अंशिमा, सुश्री सृष्टि एवं श्रीमती श्रृंखला उपस्थित रहीं। बायोटेक्नोलॉजी विभाग से डॉ. हुमैरा, डॉ. फहीम, श्रीमती अमिता, अरशमा, श्री राकेश सरकार एवं मरियम जमीर तथा होम साइंस विभाग से सुश्री शुभ्रा सहित अन्य शिक्षकगण उपस्थित रहे।कार्यक्रम का उद्देश्य विद्यार्थियों में अनुशासन, जिम्मेदारी, नेतृत्व क्षमता एवं संस्थागत मूल्यों के प्रति प्रतिबद्धता विकसित करना रहा।





