Shahjahanpur News: रामगंगा ने तटवर्ती गांवों की सड़कों को किया जलमग्न, स्टेट हाईवे पर कटान

जरियनपुर-जलालाबाद हाईवे बाढ़ और बारिश में कट कर बना गड्ढा। संवाद
मिर्जापुर। गंगा की बाढ़ की तरह अब रामगंगा की बाढ़ अपने पूरे जोर पर है। रामगंगा के तटवर्ती गांवों की लगभग सभी सड़कें जलमग्न हैं। ग्रामीण दो से तीन फुट पानी से होकर निकल रहे हैं। प्रशासन की ओर से बाढ़ पीड़ितों के लिए कोई खास व्यवस्था नहीं की गई हैं। वहीं बाढ़ से जरियनपुर-जलालाबाद स्टेट हाईवे को गंभीर खतरा उत्पन्न हो गया है
बाढ़ से घिरे ग्राम बीघापुर पूर्वी को तहसील प्रशासन ने एक नाव मुहैया करा दी है। ग्राम रामनगर, देवनगर, मौजमपुर, नवादा, पहरुआ, बीघापुर पश्चिमी आदि गांवों के ग्रामीण पक्की सड़क पर आने के लिए दो-दो फुट गहरे पानी से होकर निकल रहे हैं। रामगंगा के तटवर्ती ग्राम कुंडरी आश्रम, कुनिया नौआबाद, गहवरा, गहवरिया, धिरोला मढैया, थाथर मई, अतरी की मढ़ैया आदि गांवों के चारों ओर बाढ़ का पानी फसलों को जलमग्न कर चुका है। अधिकांश गांवों में उर्द, तिल, ज्वार, बाजरा आदि की फसलें नष्ट हो चुकी हैं।
वहीं रामगंगा की बाढ़ ने ग्राम पहरुआ, तारापुर, मोहम्मदपुर गुलडिया, आलमगंज, पाठकपुर, मिर्जापुर, कम्मरपुर, इस्माइलपुर आदि गांवों की फसलों को भी जलमग्न कर दिया है। मिर्जापुर कस्बे के दक्षिणी भाग गुलड़िया रोड पर पानी आ गया है। बाढ़ से चौतरफा घिरे कुंडरी आश्रम के शिक्षक कुलदीप शुक्ला बाढ़ से निकलकर प्राथमिक स्कूल जरौली में राष्ट्रीय दक्षता परीक्षा करवाने पहुंचे। शिक्षक कुलदीप शुक्ला ने बताया कि गांव चौतरफा रामगंगा की बाढ़ से घिरा हुआ है। गांव की सड़क पर दो से तीन फुट तक पानी बह रहा है। निकलने का कोई रास्ता नहीं है।
मिर्जापुर-जलालाबाद हाईवे को पुल के पास बाढ़ से खतरा
मिर्जापुर। रामगंगा-बहगुल की बाढ़ से कोलाघाट पुल से कोला मोड़ तक हाईवे जगह-जगह से कटने लगा है। प्रशासन की अनदेखी के चलते यहां कोई बड़ा हादसा हो सकता है। लोक निर्माण विभाग ने हाईवे के किनारे घास-फूस रखकर वाहन चालकों को सचेत करने का संकेत दिया है। हालांकि खतरे वाले स्थान पर लाल झंडी लगाकर यात्रियों को अवगत कराया जाना चाहिए था। वहीं हाईवे बाढ़ और बारिश में कट रहा है, इससे कभी भी कोई बड़ा हादसा हो सकता है। संवाद
जलालाबाद के बाढ़ क्षेत्र में तहसीलदार ने नाव से लिया जायजा
जलालाबाद क्षेत्र के तहसीलदार पैगाम हैदर ने राजस्व कर्मियों के साथ बाढ़ क्षेत्र के ग्राम मकरंदपुर, कोना याकूबपुर, रपरा, मंगटोरा, शाहपुर, हथिनापुर, मझोला आदि गांवों का ट्रैक्टर और नाव से भ्रमण कर बाढ़ की स्थिति देखी। तहसीलदार ने नाविक को बाढ़ सुरक्षा किट शीघ्र मुहैया करवाए जाने का आश्वासन दिया है।
बाढ़ से जिस सड़क पर कटान हो रहा है, उनको ठीक कराया जाएगा। रामगंगा की बाढ़ घटने लगी है। ग्रामीणों के आवागमन के लिए आठ नावों की व्यवस्था कर दी गई है। गंगा की बाढ़ में चार लोगों की मौत हुई थी। उनके परिजनों को आपदा राहत से चार-चार लाख रुपये दे दिए गए हैं। बाढ़ क्षेत्र में लगातार निगरानी की जा रही है।
– डॉ. सुरेश कुमार, एडीएम वित्त एवं राजस्व

जरियनपुर-जलालाबाद हाईवे बाढ़ और बारिश में कट कर बना गड्ढा। संवाद

जरियनपुर-जलालाबाद हाईवे बाढ़ और बारिश में कट कर बना गड्ढा। संवाद

जरियनपुर-जलालाबाद हाईवे बाढ़ और बारिश में कट कर बना गड्ढा। संवाद