Bareilly News: मजार हटाने की सूचना पर जुटी भीड़ पुलिस और पीएसी ने संभाला मोर्चा
बरेली। इज्जतनगर थाना क्षेत्र में रोड नंबर चार परतापुर में रेलवे की जमीन पर मौजूद मजार को लेकर मामला गरमा गया है। रेलवे प्रशासन इसे अतिक्रमण बताकर कब्जा हटाने का नोटिस चस्पा कर चुका है। शनिवार को फिर इसे हटाने की सुगबुगाहट हुई। काफी संख्या में लोग धर्मस्थल पर पहुंच गए। सुरक्षा के मद्देनजर पुलिस और पीएसी तैनात रही।
रेलवे प्रशासन के मुताबिक मजार अवैध तरीके से विभाग की जमीन पर बनी है। इसे हटाने का नोटिस चस्पा कर सूचना संबंधित विभागों व सभी पक्षों को भेज दी है, लेकिन इसे हटाने की जिम्मेदारी प्रशासन की है। मजार हटाने की सुगबुगाहट में शनिवार सुबह से ही क्षेत्र में चर्चा होने लगी। क्षेत्र में रहने वाली महिलाएं मजार वाले परिसर में एकत्रित हो गईं। उन्होंने नारेबाजी शुरू की तो मौके पर इज्जतनगर इंस्पेक्टर अरुण कुमार श्रीवास्तव पुलिस टीम के साथ पहुंच गए।
कुछ लोगों ने रेलवे कॉलोनी में खड़ी जेसीबी देखकर अफवाह फैला दी कि आज ही मजार को तोड़ा जाएगा। अफवाह फैलते ही काफी भीड़ वहां पहुंच गई। लोगों ने भीड़ को पानी पीने के लिए वहां वाटर कूलर रखवा दिए। शाम तक सैकड़ों महिलाएं परिसर में बैठी रहीं। वहीं कुछ लोगों की भीड़ बाहर पेड़ के नीचे डटी रही। सोशल मीडिया पर भी मजार हटाने को लेकर चर्चा होती रही।
टीटीएस के लोग पहुंचे, डीआरएम से फोन पर की बात
दरगाह आला हजरत से जुड़े संगठन टीटीएस (तहरीक ए तहाफफुज ए सुन्नियत) के पदाधिकारी परवेज नूरी, शाहिद नूरी, अजमल नूरी, औरंगजेब नूरी व ताहिर अल्वी आदि ने मौके पर पहुंचकर लोगों से बात की। फिर डीआरएम को कॉल करके बताया कि सैय्यद बशीरुद्दीन बाबा की मजार सौ साल से ज्यादा पुरानी है। इलाके के तमाम लोगों की आस्था इससे जुड़ी है। रेलवे प्रशासन इसे शहीद करना चाहता है, जिससे लोगों की भावनाएं आहत हो रही हैं। उन्होंने बताया कि डीआरएम ने दो दिन बाहर होने की बात कही है, उनके आने पर उनसे मुलाकात कर पक्ष रखा जाएगा।
रेलवे की संपत्ति पर बनी मजार को हटाया जाना है। इसके लिए शनिवार को पर्याप्त पुलिसबल न मिलने की वजह से अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई नहीं हो सकी। अधिकारियों से विमर्श के बाद नई तारीख तय कर इसे हटाया जाएगा। नोटिस आदि प्रक्रिया पूरी हो चुकी है। – प्रत्युष पांडेय, एसडीएम सदर



