Bareilly News: विवाद सुलझाने गई पुलिस युवक को घसीटकर लाई, रास्ते में मौत
बरेली। शहर के मोहल्ला बाग बृगटान निवासी टेंपो चालक श्याम कुमार कन्नौजिया की हिरासत में हत्या का आरोप लगाकर परिवार ने हंगामा किया। दरअसल पत्नी की शिकायत पर आई यूपी 112 पुलिस श्याम को घसीटते हुए घर से लाई थी। रास्ते में उसकी मौत हो गई। मामले में एसएसपी ने दो सिपाहियों को निलंबित कर दिया है।
कोतवाली थाना क्षेत्र के बाग बृगटान निवासी श्याम (35) टेंपो चलाकर परिवार पालते थे। उनके परिवार में पत्नी अंजलि और दो बेटे हैं। पति पत्नी में काफी समय से विवाद चल रहा था। रविवार को जब दोनों का विवाद हुआ तो सीओ प्रथम की मौजूदगी में इनका समझौता करा दिया गया। सोमवार सुबह दस बजे अंजलि ने फिर यूपी 112 पर कॉल करके शिकायत की कि पति उन्हें पीट रहे हैं। आरोप है कि सूचना पर पहुंची पीआरवी ने श्याम को पकड़ा तो उसने सिपाही को धक्का दे दिया। तब झल्लाए पुलिसकर्मी उसे घसीटते हुए गली से बाहर लाए। पुलिस वैन में डालकर उसे कोतवाली ले गए।
इस दौरान श्याम की तबीयत खराब हो गई। पीआरवी स्टाफ के हाथ-पैर फूल गए। इस बीच पीछे से अंजलि आ गई। यहां से पुलिस श्याम के साथ अंजलि को भी लेकर जिला अस्पताल पहुंच गई। वहां डॉक्टर ने श्याम को मृत घोषित कर दिया। इसके बाद परिवार ने हिरासत में हत्या का आरोप लगाया। शाम तक परिवार ने पुलिस को पंचनामा भरने नहीं दिया। वह मौके पर डीएम और एसएसपी को बुलाने की मांग कर रहे थे।
शाम को एसपी सिटी राहुल भाटी कोतवाली पहुंचे। श्याम के परिवार से बात की। अंजलि ने पीआरवी स्टाफ के खिलाफ हत्या की तहरीर दी। एसपी सिटी ने कहा कि इस मामले में पोस्टमार्टम रिपोर्ट के आधार पर कार्रवाई की जाएगी। तहरीर के आरोपों की जांच का निर्देश देते हुए प्रशासनिक अधिकारियों से बात की। तय हुआ कि पंचनामा मजिस्ट्रेट की मौजूदगी में भरा जाएगा। तीन डॉक्टरों का पैनल शव का पोस्टमार्टम करेगा। एसपी सिटी की रिपोर्ट पर एसएसपी प्रभाकर चौधरी ने रामकरन और अंकित नाम के सिपाहियों को निलंबित कर दिया।
सल्फास खाने का शक, पुलिस ने पिला दिया पानी
घटनाक्रम को लेकर पुलिस सूत्रों का कहना है कि श्याम ने घर के कमरे में खुद को बंद कर रखा था। पत्नी ने कॉल की थी कि पति दरवाजा नहीं खोल रहा है। पुलिस ने जाकर दरवाजा खुलवाया तो झल्लाया श्याम सिपाहियों से ही भिड़ गया। सूत्रों के मुताबिक, उस वक्त तक श्याम सल्फास की गोली खा चुका था। परिवार के अलावा पुलिस को भी इसका अहसास नहीं था। जब श्याम अभद्रता करने लगा तो उसकी पिटाई कर सिपाही उसे कोतवाली ले आए। बताते हैं कि श्याम की तबीयत लगातार बिगड़ती देख सिपाही घबरा गए। श्याम उनसे बार-बार पानी मांग रहा था। सिपाहियों ने उसे प्यासा समझकर पानी दे दिया। इसके बाद ही उसकी हालत बिगड़ गई। थोड़ी देर बाद मौत हो गई। डॉक्टर का भी मानना है कि सल्फास खाने की स्थिति में पानी देने से ही हालत बिगड़ती है। वह सीधा अस्पताल लाया जाता तो बचाया जा सकता था।
वर्जन
– दंपती के विवाद में यूपी 112 पुलिस के दो सिपाही श्याम नाम के युवक को पकड़कर लाए थे। उसकी तबीयत खराब होने पर उन्हें सीधे अस्पताल ले जाना चाहिए था, जबकि सिपाही कुछ मिनट को उसे कोतवाली ले आए। इसी लापरवाही में उन्हें निलंबित किया है।
– राहुल भाटी, एसपी सिटी



