Bareilly News: छांटनी थीं टहनियां, काट डाले पेड़,. 8000 रुपये जुर्माना देकर मामला रफा-दफा
बरेली। पॉश इलाका राजेंद्र नगर के ए ब्लॉक स्थित पार्क में टहनियों की छंटाई करने आए मजदूरों ने पेड़ जड़ से काट डाले। मोहल्ले वालों की सूचना पर वन विभाग की टीम मौके पर पहुंची। पेड़ काटने वाले ठेकेदार पर मात्र आठ हजार रुपये जुर्माना लगाकर मामला रफा-दफा कर दिया गया। कॉलोनी के लोगों का कहना है कि हरे पेड़ पार्षद सतीश चंद्र कातिब के इशारे पर काटे गए हैं। पेड़ कटनेे से पार्क की हरियाली तो गई ही, खूबसूरती भी नष्ट हो गई है।
कॉलोनी की रहने वाली जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की पैरा लीगल वॉलंटियर साधना ने बताया कि बुधवार सुबह कुछ मजदूर पार्क में पहुंचे। जामुन, शहतूत और सहजन के चार पेड़ काट डाले। उन्हें यह बात पता चली तो पार्क जाकर मजदूरों को रोका। मोहल्ले के अन्य लोगों ने भी नाराजगी जताई। इस पर मजदूरों ने बताया कि पार्षद सतीश चंद्र कातिब के कहने पर पेड़ काटे जा रहे हैं। उन्होंने वन विभाग को सूचना दी। वन दरोगा योगिता कौशल मौके पर पहुंचीं। उन्होंने ठेकेदार से पेड़ काटने का परमिट मांगा। उसने भी बताया कि पार्षद के कहने पर पेड़ काट रहा है। वन दरोगा ने काटे गए पेड़ों की लकड़ी कब्जे में ले ली। ठेकेदार के खिलाफ आठ हजार रुपये जुर्माना लगाया और चली गईं।
वन राज्यमंत्री से भी की शिकायत
चार पेड़ों के काटने की सजा सिर्फ आठ हजार रुपये जुर्माना की बात सुनकर लोगों का गुस्सा भड़क गया। उन्होंने वन राज्यमंत्री अरुण कुमार से भी शिकायत की। इस पर वन राज्यमंत्री ने नाराजगी जताई और पेड़ काटने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई का आश्वासन दिया। जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की साधना का कहना है कि पेड़ों का कटान अवैध तरीके से किया गया है। यह आपराधिक मामला है। वन विभाग के साथ पुलिस को भी कार्रवाई करनी चाहिए।
वर्जन
कॉलोनी के लोगों ने पेड़ों की छंटाई के लिए कहा था। जिसे भेजा उसने छंटाई की जगह पेड़ ही काट दिए। इसमें मेरा कोई कुसूर नहीं है। बैठकों में व्यस्त रहने की वजह से यह बात पेड़ काटे जाने के बाद पता चली। लोग कार्रवाई चाहते हैं तो मिलकर शिकायत करें। -सतीश चंद्र कातिब, पार्षद
जुर्माना लगाने की कार्रवाई नियमानुसार हुई है। एक पेड़ काटने पर दो हजार रुपये का ही जुर्माना लगा सकते हैं। इससे ज्यादा सजा का प्रावधान नहीं है। -योगिता कौशल, वन दरोगा



