Budaun News: एलाइजा जांच तो हो रही पर डेंगू रोगियों की संख्या में खेल कर रहा विभाग

जिला अस्पताल। संवाद
बदायूं। स्वास्थ्य विभाग की एलाइजा जांच रिपोर्ट में एक माह से डेंगू के मरीज नहीं मिल रहे हैं, जबकि हकीकत यह है कि इस समय भी डेंगू से मौत के मामले सामने आ रहे हैं। मेडिकल कॉलेज के अलावा जिला अस्पताल में भी एलाइजा जांच मशीन है। इनसे जांचें भी की जा रही हैं लेकिन डेंगू पॉजिटिव की संख्या में खेल किया जा रहा है।
डॉक्टरों के अनुसार, सर्दी बढ़ने के साथ ही डेंगू का प्रकोप कम हो जाता है लेकिन इस बार जिले में डेंगू का प्रकोप कम होने का नाम नहीं ले रहा है। लगभग रोज ही डेंगू से मौतें हो रही हैं, लेकिन स्वास्थ्य विभाग इन्हें डेंगू से होना नहीं मान रहा है, जबकि मृतकों के परिजन निजी लोबों में कराई गई जांच में डेंगू की पुष्टि होने का दावा कर रहे हैं।
दो दिन पहले गांव नवादा बदन की प्रधान भानुप्रिया के पति रिंकू सिंह की मौत हो गई। परिजनों के मुताबिक, निजी लैब की जांच में उन्हें डेंगू होने की पुष्टि हुई थी। स्वास्थ्य विभाग की टीम एलाइजा जांच में डेंगू का कोई मरीज सामने न आने का दावा कर रही है। यह स्थिति भी दिवाली बाद से चल रही है। स्वास्थ्य विभाग जो रिपोर्ट दे रहा है उसमें डेंगू का कोई मरीज नहीं बताया जा रहा है। यही रिपोर्ट शासन को भेजी जा रही है, जबकि हकीकत यह है कि आज भी कई गांव डेंगू की चपेट में हैं।
डेंगू के मरीजों की संख्या 609 तक पहुंचने के बाद नहीं मिला कोई मरीज
पिछले साल भी डेंगू का खासा प्रकोप रहा था। पिछली साल डेंगू के 585 मरीज सामने आए थे। हालांकि वास्तविकता में इनकी संख्या कई गुना ज्यादा थी। सरकारी रिकॉर्ड में इस साल डेंगू के 609 मरीज मिले हैं। स्वास्थ्य विभाग को जब यह लगा कि पिछले साल के मुकाबले इस साल डेंगू के मरीज बढ़ गए हैं तो विभाग ने डेंगू की जांच रिपोर्ट सार्वजनिक करनी ही बंद कर दी है। सूत्रों का कहना तो यहां तक है कि एक माह से डेंगू के मरीज लगातार मिल रहे हैं लेकिन स्वास्थ्य विभाग उनको उजागर ही नही कर रहा है।
– जिले भर की सीएचसी और पीएचसी पर डेंगू की जांच की सुविधा है। शिविर भी लग रहे है। अब जिले में एक भी मरीज डेंगू का नहीं मिल रहा है। सर्दी के मौसम में डेंगू का प्रकोप खत्म हो जाता है। – डॉ. कौशल गुप्ता, जिला संक्रामक रोग विशेषज्ञ