1991 में 67 टन सोने को गिरवी रखने वाले भारत ने 4 साल में 178 टन सोना खरीदा
आरबीआई गोल्ड रिजर्व: 1991 में जब भारत के पास आयात के लिए विदेशी मुद्रा नहीं था तब भारत को 2.2 बिलियन डॉलर कर्ज लेने के लिए अपने 67 टन सोने को गिरवी रखना पड़ा था। तात्कालीन केंद्र सरकार ने ये फैसला लिया था। लेकिन वो तस्वीर बदल गई है। भारत ने गिरवी रखे सोने को तो सचेतया ही लेकिन आज दुनिया के कुल रिजर्व के 8 प्रतिशत सोना आरबीआई के पास है।
कोरोना महामारी के कारण वैश्विक आर्थिक परिस्थितियाँ और फिर कई विशिष्टताओं के बीच भारतीय रिजर्व बैंक ने जमकर खरीदारी की है। आंकड़ों के मुताबिक मार्च 2020 से लेकर मार्च 2023 के बीच में आरबीआई ने 137.19 टन सोने की खरीदारी की है। केवल तीन साल में आरबीआई के स्वर्ण भंडार में 79 सेंट का उछाल आया है।
इस अवधि में दुनिया के सभी केंद्रीय मानदंडों ने सोने की खरीदारी की है। इस बीते तीन साल में 137 टन से ज्यादा सोने की खरीदारी करने के बाद सोने के रिजर्व के मामले में दुनिया के सभी केंद्रीय बैंकों में आठवें नंबर पर अलर्ट जा सकता है। मार्च 2020 में प्राधिकरण के कुल विदेशी मुद्रा भंडार में सोने का आरक्षित हिस्सा 6 फीसदी था जो बढ़कर 7.85 फीसदी के करीब जा रहा है। सब्सक्राइबर के पास सोने का रिजर्व बढ़ा 790 टन से ज्यादा हो चुका है।
मार्च 2019 तक आरबीआई के पास कुल 612.56 टन, मार्च 2020 में 653 टन, मार्च 2021 में 695.31 टन, मार्च 2022 में कुल 760.42 टन सोने का रिजर्व था और अब ये 790 टन से ज्यादा हो चुका है। यानी एक साल में आरबीआई ने 30 टन से ज्यादा सोने की खरीदारी की है। चार साल में प्राधिकरण ने 178 टन सोने की खरीदारी की है।
वैश्विक आर्थिक और राजनीतिक संबंधों के माहौल में जब जोखिम ज्यादा नजर आ रहा है तो हेजिंग के लिए सोने में निवेश बढ़ता है। ऐसे में गोल्ड क्रॉस बार्डर की भी भूमिका अदा करता है। सेंट्रल बैंक जब ज्यादा करता है तो उसे सपोर्ट करने के लिए सोने की रिजर्व डिमांड बढ़ती जाती है। विदेशी से ज्यादा रेटिंग सोना की होती है इसलिए ऐसी स्थिति में सेंट्रल बैंक सोने की खरीदारी को बढ़ा देते हैं।
वर्ल्ड गोल्ड काउंसिल के मुताबिक दुनिया भर के सभी सेंट्रल बैंक आर्थिक उठापटक के मद्देनजर सोने की खरीदारी करने में जुटे रहते हैं तो आरबीआई भी इसमें नहीं रह रहे हैं। 2022 में दुनिया भर के सेंटल संतों ने 1136 टन सोने की खरीदारी की है जो 1967 के बाद सबसे ज्यादा है।
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