Rampur News: पीपली वन में तस्करों और वन कर्मियों में मारपीट, लकड़ी और बाइकें छीन कर फरार
स्वार। मिलकखानम क्षेत्र के पीपली वन से बड़ी खबर है। रविवार की देर शाम तस्करों और वन कर्मियों का आमना-सामना हो गया जिसमें वन कर्मियों ने तस्करों की चार बाइकें और काटी गई खैर की लकड़ी कब्जे में ले ली लेकिन कुछ ही देर में एक दर्जन से अधिक तस्करों ने वन कर्मियों पर हमला बोल दिया और अपनी बाइकें व लकड़ी कब्जे में लेलीं। इस दौरान वन कर्मियों ने भागकर बामुश्किल जान बचाई। बाद में रेंजर के नेतृत्व में तस्करों को तलाश किया गया लेकिन तब तक वह निकल चुके थे।
सर्किल के थाना मिलकखानम क्षेत्र में पीपली वन पड़ता है। यहां अकसर तस्करों की कुल्हाड़ियां और आरे खैर आदि कीमती पेड़ों पर चलती रहती हैं। रविवार की शाम वन कर्मियों को जंगल में पेड़ काटे जाने की आहट हुई जिसके चलते वह मौके पर पहुंच गए जहां तक्सर खैर की लकड़ी काट रहे थे। वन कर्मियों ने उन्हें फायरिंग कर खदेड़ दिया और काटी गई खैर की लकड़ी समेत उनकी चार बाइकें कब्जे में लेलीं। वन कर्मी अभी रास्ते में ही थे कि एक दर्जन से अधिक तस्करों ने वन सुरक्षा कर्मियों को घेर लिया। तस्करों के हाथों में धारदार हथियार देखकर वन कर्मियों के होश उड़ गए।
तस्करों ने वन कर्मियों के साथ मारपीट शुरु कर दी और उनके कब्जे से अपनी चारों बाइकें और काटी गई लकड़ी छीन ली। इस तस्करों द्वारा फायरिंग भी की गई। वन कर्मी किसी तरह भाग कर अपनी जान बचाने में सफल रहे। घटना की सूचना जब रेंजर मुजाहिद हुसैन को मिली तब अपनी पूरी टीम और मिलकखानम थानाध्यक्ष केके मिश्रा व पुलिस सहित तस्करों की तलाश में कांबिंग शुरु करदी लेकिन तब तक वह जंगल से दूर जा चुके थे।
इस संबंध में वन कर्मियों की ओर से पुलिस को तहरीर नही दी गई है। इस संबंध में वन रेंजर मुजाहिद हुसैन ने बताया कि तस्करों द्वारा वन कर्मियों से नोकझोंक की गई थी। जब सूचना मिली और पुलिस बल के साथ मौके पर गए तो तस्कर फरार हो चुके थे। कहा कि तस्करों को चिन्हित करने के बाद रिपोर्ट दर्ज कराई जाएगी।