Rampur News: ऑनलाइन इलाज करने में रामपुर प्रदेश में तीसरे स्थान पर
रामपुर। जिले में ई-संजीवनी ओपीडी (टेली मेडिसिन) सेवा का लाभ मरीजों को मिल रहा है। शहर के अलावा गांव-देहात के मरीज कॉल और वीडियो कॉल कर डॉक्टरों से परामर्श ले रहे हैं। ई-संजीवनी एप के जरिये जिले में अब तक ढाई लाख से अधिक मरीज घर बैठे डॉक्टर से परामर्श ले चुके हैं। ऑनलाइन परामर्श देने में रामपुर प्रदेश में तीसरे और मंडल में पहले स्थान पर है।
कोरोना काल में जब कुछ लोग इलाज के लिए भी अस्पतालों में जाने से कतरा रहे थे। ऐसे में शुरू की गई ई-संजीवनी सेवा कारगर साबित हुई। जिसमें टेली मेडिसिन के रूप में मरीजों को सेवा दी जा रही हैं। यह सुविधा जिला अस्पताल में उपलब्ध है। यहां पर डॉक्टर अमन अमीन खां और गुलफ्सा सुबह नौ बजे से दोपहर दो बजे तक बैठकर मरीजों को ऑनलाइन परामर्श दे रहे हैं। इसके अलावा जिले की पांचों सीएचसी व पीएचसी व हेल्थ एंड वेलनेस सेंटर पर मरीजों को ई-संजीवनी के जरिये डॉक्टर से ऑनलाइन परामर्श मिल रहा है। रविवार के दिन या सरकारी अवकाश पर परामर्श नहीं मिलता है।
सीएमओ डाॅ. एसपी सिंह ने बताया कि ई-संजीवनी एप पर मरीजों को ऑनलाइन परामर्श दिया जाता है। वर्ष 2020 में इसकी शुरुआत हुई थी। अब तक जिले के 251097 मरीज ई-संजीवनी का लाभ ले चुके हैं। ई-संजीवनी के जरिये मरीजों को ऑनलाइन परामर्श देने में रामपुर मंडल में पहले स्थान पर है। प्रदेश स्तर की रैंकिंग में वाराणसी और लखीमपुर खीरी के बाद रामपुर का स्थान है।
इंसेट
हर माह औसतन 1500 लोग ले रहे परामर्श
ई-संजीवनी एप के जरिये डॉक्टर सुबह नौ से दोपहर दो बजे तक मरीजों को ऑनलाइन परामर्श देते हैं। फोन कॉल और वीडियो कॉल अटेंड कर मरीजों की पीड़ा सुनते हैं। वर्तमान में प्रतिदिन 50 से 60 मरीज यानी हर माह औसतन 1500 मरीज ई-संजीवनी के जरिये डॉक्टर से परामर्श ले रहे हैं। जिले में पांच सीएचसी, 27 पीएचसी और 219 हेल्थ एंड वेलनेस सेंटर हैं। यदि सीएचसी या पीएचसी पर तैनात डॉक्टर को मरीज को परामर्श देने में कोई परेशानी आती है तो वे ई-संजीवनी ओपीडी पर फोन कॉल कर या वीडियो कॉल कर मरीज की बात जिला अस्पताल में बैठे डॉक्टर से कराते हैं।
ये है परामर्श लेने की प्रक्रिया
स्मार्ट फोन पर ई-संजीवनी एप डाउनलोड करने के बाद उसे खोलने पर आवश्यक जानकारी मांगी जाएगी। जिसे फीड करते ही आपके पंजीकृत मोबाइल नंबर पर ओटीपी आता है। ओटीपी फीड करते ही पूरी प्रक्रिया चंद मिनट में फोन पर शुरू हो जाती है। फिर डॉक्टर को समस्या बताने के पांच मिनट में ही मोबाइल पर दवा की पर्ची आ जाती है। दवाएं भी ऐसी बताई जाती हैं, जो किसी भी मेडिकल स्टोर पर आसानी से मिल जाएं।
मंडल के जिलों में ई-संजीवनी एप पर मरीजों को दिए गए परामर्श
जिला मरीज
रामपुर 251097
मुरादाबाद 173339
बिजनौर 189566
संभल 111352
अमरोहा 156036
ई-संजीवनी एप के जरिये ऑनलाइन परामर्श देने की लगातार समीक्षा की जा रही है। जिले में अधिक से अधिक लोगों को इसका लाभ पहुंचे। इसके लगातार प्रयास किए जा रहे हैं। मरीज को घर बैठे परामर्श मिल रहा है।