Shahjahanpur News: 60 हजार रुपये के लेनदेन के विवाद में दोस्त ने की थी हत्या

चौक कोतवाली पुलिस की गिरफ्त में हत्या का आरोपी रुपेश
शाहजहांपुर। हिस्ट्रीशीटर अखिलेश गुप्ता की गोली मारकर हत्या कराने वाला उसका नजदीकी दोस्त बबलू था। उसी ने अपने दोस्त रूपेश के साथ मिलकर गर्रा स्थित मोक्षधाम की ठेकी में हत्याकांड को अंजाम दिया था। वारदात की वजह 60 हजार रुपये के लेन-देन का विवाद बताया जा रहा है। पुलिस ने रूपेश को गिरफ्तार कर लिया है। मुख्य आरोपी बबलू हत्या के पुराने मामले में न्यायालय के सामने पहले ही आत्मसमर्पण कर चुका है।
एसपी सिटी सुधीर जायसवाल ने बताया कि आठ जुलाई की रात करीब साढ़े दस बजे लकड़ी ठेकेदार अखिलेश गुप्ता की गर्रा स्थित मोक्षधाम में गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। एसपी ने मौका-मुआयना करने के बाद एसओजी, सर्विलांस सेल समेत तीन टीमों को घटना के खुलासे के निर्देश दिए थे। एसपी सिटी सुधीर जायसवाल ने टीमों की कमान संभाली। शुरुआती जांच में पुलिस ने प्राॅपर्टी, पुरानी रंजिश के बिंदुओं पर जांच करनी शुरू की।
घटना के हालात से स्पष्ट था कि अखिलेश की हत्या किसी करीबी ने ही की है। पुलिस ने उसकी पत्नी तारा गुप्ता व लक्ष्मी गुप्ता से कई चक्रों में पूछताछ की। घटना के नौ दिन के बाद पुलिस ने हत्याकांड का खुलासा कर दिया। एसपी सिटी सुधीर जायसवाल ने बताया कि जांच में थाना सदर बाजार क्षेत्र के मोहल्ला एमनजई जलालनगर निवासी बबलू व चौक कोतवाली क्षेत्र के मोहल्ला अजीजगंज निवासी रूपेश कुमार का नाम प्रकाश में आया। पुलिस ने रूपेश को नगर निगम के पार्क के पास से सोमवार सुबह 11:35 बजे गिरफ्तार कर लिया। उसके पास से तमंचा व दो कारतूस बरामद हुए हैं।
अखिलेश ने की थी बबलू की पिटाई, तभी से मान रहा था रंजिश
जुए के लती बबलू की अखिलेश से पुरानी पहचान थी। बबलू ने अखिलेश से 60 हजार रुपये उधार लिए थे। वह रुपये वापस नहीं कर रहा था। इसी के चलते अखिलेश ने बबलू को अजीजगंज में पीट दिया था। तभी से दोनों में रंजिश हो गई थी। इस बीच जेल में बबलू की मुलाकात अजीजगंज निवासी रूपेश से हुई। दोनों कचहरी में तारीख पर भी साथ आते थे। रूपेश और बबलू के बीच दोस्ती हो गई थी। बबलू ने रूपेश से अखिलेश को रास्ते से हटाने में मदद मांगी। पुलिस की पूछताछ में रूपेश ने स्वीकार किया कि बबलू जब भी उससे मिलता था, वह कहता था कि अखिलेश से बदला लेना है।
बबलू का समझौता, दोस्त बनकर बनाई हत्या की योजना
बबलू ने रूपेश से मदद मांगी तो करीब एक माह पहले उसने अखिलेश से बबलू का समझौता करा दिया था। दोनों ने अखिलेश की ठेकी पर जाकर उठना-बैठना भी शुरू कर दिया था। यहीं से उसकी हत्या की प्लानिंग बननी शुरू हो गई थी। रूपेश ने कई दिन तक रैकी की और अच्छे मौके की फिराक में रहा।
पहले शराब पी, फिर दाग दीं गोलियां
पुलिस के अनुसार, आठ जुलाई की रात में बबलू तमंचा लेकर मोक्षधाम में आया। बबलू और रूपेश ने मोक्षधाम में फ्रीजर के पास बैठकर शराब पी। आरती होने पर अखिलेश मंदिर के अंदर गया। तभी बबलू ने ठेकी में जल रही लाइटों को बंद कर दिया। अखिलेश के मंदिर से आने के बाद बबलू ने पीछे से गोली मारकर हत्या कर दी। बबलू खुद नदी की तरफ भाग गया, रूपेश सीढि़यों की तरफ से पुल पर चढ़ गया। फिर दोनों रात में अजीजगंज में एक मकान में रुके थे।
पुलिस का तंत्र हुआ फेल, तीन दिन
पहले ही जेल चला गया बबलू
अखिलेश की हत्या के मुख्य आरोपी बबलू ने वारदात को पूरी योजना के तहत अंजाम दिया। पुलिस के अनुसार, उसने रूपेश से कहीं छिप जाने को कहा था, साथ ही वह पुराने मुकदमे में कोर्ट में हाजिर होकर जेल जाने की बात रुपेश को बताई। उसने योजनाबद्ध तरीके से काम किया। वह अपने पूरे परिवार के साथ शहर से गायब हो गया। उसने अपने मोबाइल भी बंद कर लिए थे। एसओजी, थाना पुलिस आरोपी की तलाश करते रहे और उसने 14 जुलाई को न्यायालय में आत्मसमर्पण कर दिया। जहां से उसे जेल भेज दिया गया।
पुलिस तमंचा भी बरामद नहीं कर पाई
जिस तमंचे से घटना को अंजाम दिया गया, पुलिस उसे अब तक बरामद नहीं कर पाई है। रूपेश ने बताया कि तमंचा बबलू के पास है। उसी ने कहीं छिपाया होगा। मामले की विवेचना को आगे बढ़ाने के लिए पुलिस बबलू को रिमांड पर लेगी।
2012 में सुभाषनगर में हत्या के आरोप में था नामजद
26 फरवरी 2012 में थाना सदर बाजार क्षेत्र के मोहल्ला सुभाषनगर निवासी घनश्याम की हत्या के मामले में बबलू नामजद किया गया था। पुलिस ने उसे जेल भेजा था। वह जमानत पर जेल से बाहर आया था। पुलिस के अनुसार, वह अपनी जमानत को तुड़वाकर दोबारा से जेल चला गया है।
तारा के आरोपों से उलझ गई थी पुलिस
अखिलेश की हत्या के बाद उसकी पत्नी तारा गुप्ता ने गैराज मालिक पर पुरानी रंजिश को लेकर हत्या करने का संदेह जाहिर किया था। अगले दिन उसने कुछ महिलाओं का नाम लेकर आरोप लगाए थे। पुलिस ने आरोपों के आधार पर जांच की, लेकिन कामयाबी हाथ नहीं लगी।
रूपेश पर पांच और बबलू पर दर्जन भर मुकदमे
-पुलिस ने आरोपी रूपेश का अपराध रिकार्ड खंगाला है। रूपेश पर शस्त्र अधिनियम के दो केस समेत पांच मुकदमे कोतवाली में दर्ज हैं। इसी तरह बबलू पर एक दर्जन मुकदमे होना बताया गया है।

चौक कोतवाली पुलिस की गिरफ्त में हत्या का आरोपी रुपेश