सामाजिक उद्यमिता भारत की प्राचीन विचारधारा : अजय

एसएस कॉलेज के वाणिज्य विभाग में राष्ट्रीय संगोष्ठी में बोलते वक्ता
शाहजहांपुर। एसएस कॉलेज के वाणिज्य विभाग में तीन दिवसीय राष्ट्रीय संगोष्ठी की शनिवार को शुरूआत हो गई। संगोष्ठी को मुख्य अतिथि व दिल्ली विश्वविद्यालय के कॉमर्स विभाग के डीन प्रोफेसर अजय कुमार सिंह ने ऑनलाइन संबोधित किया।
उन्होंने कहा कि सामाजिक उद्यमिता भारत की अत्यंत प्राचीन विचार धारा है। भारतीय ग्रंथों में स्वार्थ के स्थान पर परमार्थ को महत्व दिया गया है। परमार्थ का दर्शन ही सामाजिक उद्यमिता है। प्राचार्य प्रोफेसर आरके आजाद ने कहा कि सामाजिक उद्यमिता की ओर वाणिज्य के छात्रों को प्रारंभ से ही प्रेरित किया जाना चाहिए, ताकि वो पढ़-लिखकर जब उद्यमी बनें तब सामाजिक कल्याण के प्रति उन्हें अपने उत्तरदायित्व का एहसास रहे। इस मौके पर प्रोफेसर अनुराग अग्रवाल, डॉ. देवेंद्र सिंह, डॉ. गौरव सक्सेना, डॉ. अजय कुमार वर्मा, डॉ. सचिन खन्ना, अपर्णा त्रिपाठी, बृज लाली, डॉ. कमलेश गौतम आदि मौजूद रहे।