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6 एमएमएस में इन करोड़ों लोगों का होगा कैशलेस इलाज, स्वास्थ्य मंत्रालय ने शुरू की सुविधा

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केंद्र सरकार के कर्मचारी और पेंशनभोगी अब देश के 6 एमएस में कैशलेस इलाज की सुविधा का लाभ उठा सकते हैं। इसके लिए केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय के सीजीएचएस और छह एम्स के बीच समझौता हुआ है। केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय ने शनिवार को इसकी जानकारी में एक आधिकारिक बयान दिया।

इन 6 एसएमएस से सुविधा की शुरुआत हुई है

मंत्रालय ने बताया कि भोपाल, भुवनेश्वर, पूर्वांचल, जोधपुर, रायपुर और ऋषिकेश स्थित 6 एमएस में अब सीजीएचएस के सभी कर्मचारी और पेंशनभोगी को कैशलेस उपचार की सुविधा उपलब्ध होगी। यह फैसला केंद्रीय स्वास्थ्य सचिव राजेश भूषण की उपस्थिति में लिया गया। अब भोपाल, भुवनेश्वर, पूर्वांचल, जोधपुर, रायपुर और ऋषिकेश स्थित पूरी तरह से काम कर रहे 6 एमएस में सीजीएचएस लाभार्थी को कैशलेस उपचार की सुविधा दी जाएगी।

निशाने के लिस आसान होंगे इलाज

यह विशेष रूप से सीजीएचएस के पेंशनभोगियों के लिए लाभ होगा, जिनके इलाज के खर्च को लेकर अनुमति को पूरा करने में दायित्वों का सामना करना पड़ता है। सीजीएचएस में से कोई भी अब पहले भुगतान करेगा और उसके बाद सीजीएचएस से प्रति संदेह के बिना इन एम्स में उपलब्ध समझौते की सुविधा का लाभ मिलेगा। पहली बार से समय की बचत होगी, कागजी कार्रवाई कम होगी और व्यक्तिगत दावे भी कम होंगे।

सीजीएचएस खर्च का भुगतान करेगा

मंत्रालय ने बताया कि सीजीएचएस के सभी श्रेणियों के लाभार्थी इन 6 एमएस में ओपीडी, जांच और इलाज के लिए कैशलेस सुविधा का लाभ लेने वाले पेंशनभोगियों को लाभ उठाएं। ये 6 एम्स सीजीएचएस पेंशनभोगी और पात्र हस्ताक्षर के अन्य प्रत्यक्ष क्रेडिट बिल सीजीएचएस को भेजेंगे और सीजीएचएस की ओर से बिल मिलने के 30 दिनों के भीतर उन्हें भुगतान किया जाएगा।

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इस तरह से उठा सकते हैं फायदा

सीजीएचएस सभी को इस सुविधा का लाभ उठाने के लिए एमएमएस में अपना सीजीएचएस लाभार्थी पहचान पत्र देना होगा। सरकार ने सीजीएचएस को प्रदर्शित करने की सुविधा के लिए और बंद भी कर दिया है। सीजीएचएस सभी के लिए एक अलग हेल्प डेस्क और एक अलग कार्य प्रणाली तैयार करेगा। ओपीडी उपचार के लिए या एम्स से छुट्टी के समय एम्स में डॉक्टर द्वारा निर्धारित दवाएं भी सीजीएचएस के माध्यम से लाभार्थी प्राप्त कर सकते हैं।

मानक सीजीएचएस सेवाओं की पहुंच

स्वास्थ्य सविच ने कहा कि इस समझौते से एक बड़े वर्ग का लाभ होगा, क्योंकि यह लंबे अधिकृत संचालकों को आसान बनाना और चिकित्सा सुविधा तक तेजी से पहुंचेगा। इससे देश भर में सीजीएचएस सेवाओं की घोषणा भी हुई, क्योंकि यह समझौता सीजीएचएस से संबंधित राज्यों के एम्स स्टेट से उपचार का लाभ उठाने की सुविधा देगा। उन्होंने कहा कि सीजीएचएस ने उपचार और चिकित्सा देखभाल की कुछ संभावनाएं पूरी की हैं, जिससे ग्राहकों को आसानी से उपचार का लाभ मिल रहा है।

निकट भविष्य में भी लाभ

आने वाले दिनों में सीजीएचएस को देश के कुछ अन्य बड़े अतिसंवेदनशीलता में भी कैशलेस उपचार की सुविधा मिलेगी। मंत्रालय ने बताया कि अभी 6 एमएस से जुड़े एकॉर्ड के दायरे में बाद में नई दिल्ली स्थित एम्स को भी लाया जाएगा। इसके अलावा पोस्ट ग्रेजुएट इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल एजुकेशन एंड रिसर्च चंडीगढ़ और जवाहरलाल इंस्टीट्यूट ऑफ पोस्टग्रेजुएट मेडिकल एजुकेशन एंड रिसर्च पुडुचेरी को भी इस एकॉर्ड में शामिल किया जाएगा।

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