Bareilly News: बदइंतजामी नहीं हुई कम… उड़ती धूल फुला रही दम
बरेली। कुतुबखाना फ्लाईओवर के निर्माण में मानकों के पालन का दावा भले ही कुछ हो, जमीनी हकीकत बिल्कुल अलग है। बिना सुरक्षा उपकरणों के काम कर रहे मजदूर की पुल से गिरकर मौत ने व्यवस्था की पोल तो खोल ही दी है। अब मौके के हालात बता रहे हैं कि कार्यस्थल के आसपास के दुकानदार और राहगीर भी बेतहाशा परेशान हैं।
उड़ती धूल दमा का शिकार बना रही है, जबकि बिखरा सामान हादसे की वजह बन रहा है। यहां के व्यापारियों और दुकानदरों ने बताया कि अफसरों के दौरे से पहले ही उड़ती धूल पर पानी का छिड़काव किया जाता है। नियमित छिड़काव न होने से यहां रहना मुश्किल हो रहा है।बिखरे सामान की वजह से ग्राहकों ने आना छोड़ दिया है। सर्विस रोड का निर्माण शुरू किया जाए, ताकि कारोबार को रफ्तार मिले।
कुतुबखाना पुल 105 करोड़ रुपये की लागत से कोतवाली से कोहड़ापीर तक 1307 मीटर लंबा बनाया जाना है। करीब एक वर्ष से निर्माण चल रहा है। जिला पंचायत, माध्यमिक शिक्षा बोर्ड, एडी बेसिक और जिला अस्पताल इसी मार्ग पर पड़ते हैं। दिन भर लोगों का आना जाना रहता है।
जोखिम के बीच निकल रहे लोग
कुतुबखाना पुल के निर्माण की वजह से कुतुबखाना चौराहे पर दोनों ओर सीमेंट के बेरिकेड रखकर रास्ता रोका गया है। रास्ते के एक दो बेरिकेड खिसका कर लोग जोखिम के बीच निकल रहे हैं और बाजार में खरीदारी कर रहे हैं। बृहस्पतिवार दोपहर कई लोग ऐसे दिखे जिनकी बाइक बेरिकेड के बीच फंस गई। यह सिलसिला शाम तक चलता रहा। राहगीरों का कहना है कि जहां पर निर्माण चल रहा हो, उसके 50 मीटर के दायरे को ही आवागमन के लिए प्रतिबंधित किया जाए। व्यापारियों का कहना है कि पूरे क्षेत्र को बाधित करेंगे तो दुकानदारी कैसे चलेगी। एक वर्ष से व्यापार चौपट है। रोजी-रोटी पर बुरा असर पड़ रहा है।
हेलमेट में दिखे मजदूर
मजदूर धनंजय की मौत के बाद कार्यदायी संस्था के सुपरवाइजर चेते। मजदूरों के लिए सेफ्टी बेल्ट और हेलमेट अनिवार्य कर दिया। मजदूर बृहस्पतिवार को बेल्ट और हेलमेट के साथ नजर आए।
कोट-
ठेकेदार फर्म की ओर से दोनों टाइम पानी का छिड़काव करने के फोटो आ रहे हैं। अब आकस्मिक चेकिंग करके देखा जाएगा कि सिर्फ फोटो आ रहे हैं या फिर मौके पर छिड़काव हो भी रहा है। – अरुण कुमार गुप्ता, उप परियोजना प्रबंधक, सेतु निगम
परेशानी… व्यापारियों की जुबानी
परिस्थिति कोई भी हो पर काम की रफ्तार प्रभावित न होने दी जाए। यह शहर का प्रमुख बाजार है। सर्विस रोड जल्दी बन जाए तो कारोबार प्रभावित नहीं होगा। -सुभाष पंत, व्यापारी
धूल इतनी ज्यादा उड़ती है कि ग्राहक और दुकानदार दोनों परेशान हैं। एक दो लोग बीमार भी पड़े हैं। अफसरों की टीम आई थी तब दावा किया गया था कि रोजाना पानी का छिड़काव होगा। अब तक ऐसा नहीं हो सका। -नवनीत सिंह, व्यापारी
चार दिन से दुकान के सामने सीमेंट के बेरिकेड लगाए गए, जबकि आसपास कहीं काम नहीं चल रहा है। अनावश्यक तरीके से रास्ता रोके जाने की वजह से कारोबार प्रभावित है। -विवेक देवल, व्यापारी



