Rampur News: एक डॉक्टर… चार घंटे… और 400 मरीज
रामपुर। शहर से लेकर देहात तक बुखार का प्रकोप है। दिन-प्रतिदिन डेंगू व मलेरिया के मरीज भी बढ़ रहे हैं। ऐसे रोगियों की भरमार जिला अस्पताल से लेकर सीएचसी-पीएचसी तक है। जिले में सभी तहसील पर सीएचसी है। शुक्रवार को इन सीएचसी की पड़ताल की गई तो हालात ठीक नहीं मिले। सीएचसी शाहबाद पर सिर्फ एक डॉक्टर ने चार घंटे की ओपीडी में 400 मरीज देखे। यहां पांच डॉक्टर की तैनाती है, लेकिन शुक्रवार को चार डॉक्टर सीएचसी पर नहीं मिले। सिर्फ डॉ. जुबैर ने 240 मिनट में 400 मरीजों का परीक्षण कर दवा दी। यानी एक मरीज को सिर्फ 36 सेकेंड में देखकर दवा लिख दी गई। ऐसे में स्वास्थ्य सेवाओं की हालत कैसे ही खुद ही अंदाजा लगाया जा सकता है। इसके अलावा बिलासपुर सीएचसी पर आयुर्वेदिक दवाओं की आपूर्ति डेढ़ साल से नहीं की गई है, जबकि स्वार सीएचसी में दो डॉक्टरों ने 651 मरीजों को ओपीडी में देखा। वहीं मिलक सीएचसी की स्थिति ठीक मिली।
सीएचसी शाहबाद
शाहबाद यहां पर डॉक्टरों की मनमानी से मरीजों को परेशान होना पड़ रहा है। डॉक्टर समय से कक्ष में बैठकर मरीजों को नहीं देखते हैं। शुक्रवार को सीएचसी पर मात्र एक डॉक्टर के रूप में डॉ. जुबैर तैनात रहे। इन्होंने 400 मरीजों को देखा था। सर्वाधिक मरीज बुखार से पीड़ित थे। सीएचसी पर पांच चिकित्सकों की तैनाती है, लेकिन उनके समय पर न बैठने के कारण मरीजों को परेशान होना पड़ा। मरीजों ने घंटों लाइन में लगकर डॉक्टर को दिखाया और दवा ली।
सीएचसी मिलक
मिलक सीएचसी पर शुक्रवार को 190 लोगों ने पंजीकरण कराकर डॉक्टर से दवा ली। ओपीडी में दो डॉक्टरों ने मरीजों का परीक्षण किया। इनमें सर्वाधिक रोगी बुखार से पीड़ित थे। बुखार पीड़ित रोगियों की खून की जांच कराई गई। सीएचसी प्रभारी डॉ. मोहित रस्तोगी ने बताया कि अस्पताल में टाइफाइल, डेंगू, मलेरिया, यूरिन, बलगम आदि की जांच की व्यवस्था है। साथ ही दवाओं का स्टॉक भी पर्याप्त है।
सीएचसी बिलासपुर
बिलासपुर सीएचसी पर डेंगू व मलेरिया के रोगियों के लिए वार्ड बना है। हालांकि, शुक्रवार को इस पर कोई मरीज भर्ती नहीं मिला। सीएचसी में कुल 827 मरीज इलाज को पहुंचे थे। इनमें 300 मरीज बुखार के थे। पांच डॉक्टरों ने मरीजों को देखा और उन्हें दवाइयां दीं। सीएचसी के अधीक्षक डॉ. अजीज हसन अंसारी ने बताया बुखार के मरीज तेजी से बढ़ रहे हैं। यहां मलेरिया की जांच होती है। आयुर्वेदिक दवाइयों की डेढ़ साल से आपूर्ति नहीं हुई है, इसके लिए पत्राचार किया जा रहा है।
स्वार सीएचसी
सीएचसी पर शुक्रवार को ओपीडी में 651 रोगी पहुंचे जिसमें 194 बुखार पीड़ित मिले। दो डॉक्टरों ने ओपीडी में मरीजों को देखा। जांच में डेंगू या मलेरिया का कोई मरीज नहीं मिला। 17 बुखार पीड़ितों में टाइफाइड के लक्षण मिले। बुखार के एक रोगी की हालत अधिक खराब देखते हुए उसे भर्ती कर लिया गया। अन्य मरीजों को दवाएं देकर घर भेज दिया गया। सीएचसी अधीक्षक डॉ. देवेश चौधरी ने बताया इन दिनों बुखार के सबसे ज्यादा मरीज आ रहे हैं। सीएचसी में दवाएं पर्याप्त मात्रा में हैं। डेंगू वार्ड भी बना है, लेकिन अभी उसमें कोई मरीज भर्ती नहीं है।
बयान
सभी डॉक्टरों को समय से बैठने के निर्देश हैं। यदि कहीं अनयिमितता बरती जा रही है तो जांच कराकर कार्रवाई की जाएगी।
डॉ. एसपी सिंह, सीएमओ।

