Bareilly News: करंट से झुलसे संविदा कर्मी की मौत, परिजनों ने लगाया जाम
फतेहगंज पूर्वी। करंट से झुलसे संविदा कर्मचारी मोनू उर्फ मोहनलाल ने इलाज के दौरान शुक्रवार को दम तोड़ दिया। आक्रोशित परिजनों ने बिजलीघर के सामने शव हाईवे पर रखकर जाम लगा दिया। करीब घंटेभर तक वाहनों का आवागमन ठप रहा। एसडीएम के समझाने के बाद परिजन शांत हुए। इसके बाद आवागमन शुरू कराया गया।
भदपुरा निवासी मोनू उर्फ मोहनलाल बिजली निगम में संविदा कर्मी के तौर पर तैनात थे। 19 मई को वह घुलूपुरा गांव में फॉल्ट की मरम्मत करने गए थे। उन्होंने शटडाउन भी लिया था। आरोप है कि शटडाउन के बाद भी सप्लाई शुरू हो गई। करंट लगने से वह बुरी तरह से झुलस गए। परिजनों ने उन्हें बरेली के एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया था। शुक्रवार को इलाज के दौरान अस्पताल में मोहनलाल की मौत हो गई। शाम छह बजे के करीब परिजनों ने शव बिजलीघर के बाहर हाईवे पर रखकर जाम लगा दिया।
परिजनों का आरोप था कि बिजली निगम की लापरवाही की वजह से हादसा हुआ। इसके बाद भी विभाग के अधिकारियों ने कोई मदद नहीं की। प्रदर्शन के चलते वाहनों की लंबी कतार लग गई। जाम की सूचना पर इंस्पेक्टर फतेहगंज पूर्वी पुलिस फोर्स के साथ वहां पहुंच गए। उन्होंने परिजनों को समझाने का प्रयास किया मगर वह कार्रवाई की मांग पर अड़े रहे। करीब घंटा भर बाद एसडीएम फरीदपुर पारूल तरार और सीओ गौरव सिंह के साथ एसडीओ सतीश जायसवाल मौके पर पहुंचे। इस दौरान एसडीओ ने पांच लाख का मुआवजा दिलाने के साथ एक परिजन को नौकरी दिलाने का लिखित आश्वासन दिया। इसके बाद परिजन शांत हुए।
मोहनलाल के परिवार में मां, पत्नी और दिव्यांग बड़े भाई के साथ चार बच्चे हैं। एसडीओ फरीदपुर सतीश जायसवाल ने बताया कि विभागीय जांच चल रही है। एक सप्ताह में रिपोर्ट आने के बाद दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
पत्नी की तहरीर पर दर्ज हुई रिपोर्ट
मोहनलाल की पत्नी सोमवती ने देर रात थाने में तहरीर देकर जेई फतेहगंज पूर्वी अश्विनी वर्मा, एसएसओ अंकित कुमार और कुंअरपाल निवासी गुलनगरा के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई। सोमवती ने बताया कि इन लोगों की लापरवाही की वजह से ही पति करंट की चपेट में आए।



