Bareilly News: तीन मौत के बाद आई जांच और सफाई की याद
बरेली/भमोरा। सिरसा गांव में सोमवार रात डेंगू संदिग्ध तीन लोगों की मौत के बाद अफसरों की नींद टूटी। ब्लॉक की टीमों ने गांव पहुंचकर सफाई कराई और स्वास्थ्य विभाग ने शिविर लगाकर बुखार के मरीजों की जांच की। इधर, बीते 48 घंटे में डेंगू के 21 नए मरीज मिले।
ब्लॉक आलमपुर जाफराबाद की ग्राम पंचायत सिरसा बिछुरैया में मौतों की जानकारी पर मंगलवार को एक डॉक्टर और चार आशा कार्यकर्ताओं की टीम जांच के लिए पहुंची। मलेरिया की 110, एलाइजा की 15 और डेंगू रैपिड कार्ड से 98 सैंपल की जांच हुई। इसमें पांच लोग डेंगू संदिग्ध मिले। उन्हें इलाज के लिए भमोरा सीएचसी भेजा गया। जिला मलेरिया अधिकारी डॉ. डीआर सिंह ने घर-घर पहुंचकर मरीजों से बात की और बचाव के उपाय बताए। गांव में डेंगू के लार्वा नष्ट कराए गए।
उधर, हाफिजगंज के गांव उधरनपुर के किशन लाल (25 वर्ष) को कई दिन से बुखार था। मंगलवार रात उनकी हालत बिगड़ गई। परिजन उपचार के लिए बरेली ला रहे थे पर रास्ते में ही उनकी सांसें थम गईं।
गांव के 47 घरों में पनप रहे थे लार्वा
सीएचसी अधीक्षक डॉ. गौरव शर्मा के मुताबिक डीएमओ की टीम ने गांव के 422 घरों में जांच की। 1,627 कंटेनरों में पानी मिला। 47 घरों में लार्वा पनपते मिला, जिसे नष्ट कराया गया।
पहले चेत जाते अफसर तो नहीं होतीं मौतें
ग्राम प्रधान सर्वेंद्र ने बताया कि पहले ही स्वास्थ्य विभाग सक्रिय होता तो संभवत कोई जान न जाती। पड़ोसी गांव नौगंवा ठाकुरान में भी बुखार का प्रकोप है। शिविर में जांच कराने पहुंचे राजा बाबू को आठ दिन से बुखार है। आशा चंद्रावती संभावित डेंगू के चलते सीएचसी में भर्ती हैं।
मलेरिया के 32 नए मरीज मिले
मंगलवार को मलेरिया के 32 नए मरीज मिले। जिले में अब तक मलेरिया के करीब 3,200 और डेंगू के 146 मरीज मिल चुके हैं।
सिरौली में मच्छरों का प्रकोप, दहशत में लोग
सिरौली। मच्छरों के बढ़ते प्रकोप से सिरौली के रहने वालों को बीमारियों का डर सता रहा है। नालों की सफाई कागजों में हो रही है। नगर पंचायत के वरिष्ठ लिपिक सुरेश मौर्य के मुताबिक सोमवार से नालों में मच्छररोधी दवा डाली जा रही है। फॉगिंग भी होगी। पीएचसी प्रभारी डॉ. विनोद कुमार ने कहा कि मौसम बदलने से वायरल फीवर का प्रकोप है। अस्पताल में बुखार की सभी दवाएं मौजूद हैं। संवाद



