Budaun News: समय के साथ गलतियों का सुधार और प्रायश्चित जरूरी

बिल्सी में भागवत कथा सुनाते स्वामी रामचन्द्राचार्य जी महाराज। संवाद
श्रीमद्भागवत महापुराण कथा
बिल्सी। सिद्धपीठ श्री बालाजी धाम के तत्वावधान में जेपी जैन स्कूल में आयोजित श्रीमद्भागवत महापुराण कथा के तीसरे दिन कथा व्यास स्वामी रामचंद्राचार्य महाराज ने कहा कि मनुष्य से गलती हो जाना बड़ी बात नहीं, लेकिन ऐसा होने पर समय रहते सुधार और प्रायश्चित जरूरी है। ऐसा नहीं हुआ तो गलती पाप की श्रेणी में आ जाती है।
कथा व्यास ने पांडवों के जीवन में होने वाली श्रीकृष्ण की कृपा को बड़े ही सुंदर ढंग से व्यक्त किया। कहा कि परीक्षित कलियुग के प्रभाव के कारण ऋषि से श्रापित हो जाते हैं। उसी के पश्चाताप में वह शुकदेव जी के पास गए। भक्ति एक ऐसा उत्तम निवेश है, जो जीवन में परेशानियों का समाधान कर देती है। साथ ही जीवन के बाद मोक्ष भी सुनिश्चित करती है।
कथा व्यास ने कहा कि भागवत के श्रोता के अंदर जिज्ञासा और श्रद्धा होनी चाहिए। परमात्मा दिखाई नहीं देता है पर वह हर किसी में बसता है। इस मौके पर महंत मटरूमल शर्मा, प्रदीप शर्मा, संजीव शर्मा, यश भारद्वाज, राजीव शर्मा, नरेंद्र गरल, राजाबाबू वार्ष्णेय, सुभाष चंद्र बाहेती, नीरज तोषनीवाल आदि मौजूद रहे। संवाद