Budaun News: बारिश से गिर गई धान की फसल, काटने के लिए सूखने का इंतजार

म्याऊं क्षेत्र में खेतों में बिछी धान की फसल। संवाद
बदायूं। सोमवार देर देर रात आई आंधी और बारिश किसानों पर आफत बनकर टूटी। जिले में कई स्थानों पर खेतों में पकी खड़ी धान की फसल धराशायी हो गई। इससे कटाई भी पूरी तरह बंद हो गई है। गनीमत रही कि मंगलवार को दिन साफ रहा, साथ ही धूप निकली। इससे किसानों ने राहत की सांस ली है। किसानों को कटाई के लिए अब फसल के सूखने का इंतजार है। इधर, विभाग का दावा है कि दो-तीन प्रतिशत ही फसल बारिश की वजह से खराब हुई है।
जिले में पिछले कई दिनों से पड़ रही तेज गर्मी ने लोगों को परेशान कर दिया था, हालांकि इससे धान किसानों को काफी राहत थी, क्योंकि उनकी फसल तेजी से पक रही थी, लेकिन सोमवार शाम अचानक मौसम का मिजाज बिगड़ गया। तेज हवा के साथ बारिश होने से खेतों में खड़ी धान की फसल को काफी नुकसान हुआ है। किसानों ने प्रशासन से नुकसान का आकलन कर मुआवजा देने की मांग की है।
किसान रामभरोसे, हेत सिंह, सोमनाथ, नरेंद्र का कहना है खेतों में खड़ी फसल पूरी तरह गिर गई है और भीग भी गई है। ऐसे में फसल में 10-12 प्रतिशत का नुकसान हुआ है। कटाई का समय भी बढ़ गया है। वहीं कृषि विभाग के अनुसार रात आई आंधी-बारिश से धान की फसल में दो-तीन प्रतिशत ही नुकसान देखने को मिला है, क्योंकि बारिश ज्यादा देर नहीं हुई, साथ ही जमीन सूखी थी, ऐसे में पानी खेतों में नहीं भर सका। अगर पानी खेतों में भर जाता, तो नुकसान ज्यादा होता।
इस संबंध में जिला कृषि अधिकारी डीके सिंह ने बताया कि सोमवार रात बारिश हुई और मंगलवार को मौसम साफ हो गया। खेतों में पानी नहीं भरा। इससे फसल पर ज्यादा प्रभाव नहीं पड़ा है। जहां पर खेत में पानी भर गया हो, तो उस जगह स्थिति थोड़ा अलग होगी।
धान खरीद पर पड़ेगा असर
बारिश होने की वजह से धान की कटाई और निकासी में अब देरी हो जाएगी। इसकी वजह से धान खरीद केंद्रों पर अब थोड़ा और देरी से पहुंचेगा। डिप्टी आरएमओ अतुल वशिष्ठ ने बताया कि मंगलवार तक 547 मीट्रिक टन धान की खरीद हो चुकी है। बारिश होने की वजह से मौसम ठंडा हो गया है। इससे धान में नमी बढ़ जाएगी। ऐसे में धान खरीद पर भी असर देखने के लिए मिलेगा।



