Budaun News: लंगूर की हत्या के आरोप में दो सगे भाइयों पर रिपोर्ट

फैजगंज बेहटा थाने में खड़े लंगूर को मारने वाले आरोपी। संवाद
– बुद्धवार को फैजगंज बेहटा में आंबेडकर पार्क के नजदीक पड़ा मिला था शव
– मुरादाबाद के रहने वाले हैं दोनों, लंगूर से बंदरों को भगाने का करते हैं काम
संवाद न्यूज एजेंसी
बदायूं। फैजगंज बेहटा कस्बे में हुई लंगूर की मौत का मामला हत्या या हादसे में उलझ गया है। हालांकि वन दरोगा ने मुरादाबाद निवासी दो सगे भाइयों पर एफआईआर दर्ज करा दी है। वहीं लंगूर के शव का पोस्टमार्टम भी करा दिया गया है, लेकिन उसकी रिपोर्ट नहीं आई है। रिपोर्ट आने पर लंगूर की मौत का कारण स्पष्ट होगा।
बुधवार शाम फैजगंज बेहटा कस्बे में आंबेडकर पार्क के नजदीक एक लंगूर का शव पड़ा मिला था। वन दरोगा दिनेश चंद्र शर्मा का कहना था कि उन्हें लंगूर की पीट-पीटकर हत्या की सूचना मिली थी। इस पर वह वन रक्षक भूपेश कुमार और कस्बा निवासी संजीव मौर्य के साथ मौके पर पहुंचे, लेकिन तब तक भीड़ ने दो लोगों को पकड़कर पुलिस के हवाले कर दिया था। तमाम लोगों ने उन्हें लंगूर को पीटते हुए देखा था। इसके बाद उन्होंने थाने जाकर अज्ञात लोगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज करा दी।
बृहस्पतिवार को लंगूर के शव का भी पोस्टमार्टम करा दिया गया। इधर, एसओ सिद्धांत शर्मा का कहना है कि जिन लोगों पर लंगूर को पीटने का आरोप लगा है। वह लंगूर मुरादाबाद के बिलारी थाना क्षेत्र के गांव सहसपुर निवासी जगपाल और उसके भाई जगत सिंह का है। वह लंगूर लेकर फसल की रखवाली करते थे। वह बिसौली से लंगूर लेकर आ रहे थे। कस्बे में आकर लंगूर बंदरों पर हमला कर रहा था। ज्यादा भागदौड़ करने पर लंगूर की मौत हो गई। फिलहाल दोनों भाइयों का शांतिभंग में चालान कर दिया गया है।
जिले में सबसे चर्चित रहा था चूहा हत्याकांड
जिले में इस तरह वन्यजीवों की हत्या का पहला मामला नहीं है। कुछ समय पहले जिले में चूहा हत्याकांड सबसे ज्यादा चर्चित रहा था। शहर कोतवाली क्षेत्र के मोहल्ला पनबड़िया निवासी मनोज नाम के व्यक्ति ने पिंजड़ा लगाकर चूहा पकड़ा था। फिर उसको पत्थर से बांधकर नाले में डुबो-डुबोकर मार डाला था। पशु प्रेमी ने उसके खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई थी। अब तो उस मामले में चार्जशीट भी दाखिल हो चुकी है। इसके बाद सिविल लाइंस इलाके में एक पिल्ला की हत्या का मामला सामने आया था। उसमें भी एफआईआर दर्ज कराई गई।