वृद्धावस्था पेंशन घोटाला : निलंबित समाज कल्याण अधिकारी जांच में पाए गए दोषी

समाज कल्याण अधिकारी कार्यालय
शाहजहांपुर। वृद्धावस्था पेंशन के मामले में जांच पूरी होने के बाद जांच टीम ने तत्कालीन समाज कल्याण अधिकारी राजेश कुमार को आरोप पत्र सौंप दिया हैं। इससे सिद्ध हो गया है, इस घोटाले में वह संलिप्त रहे। उनको दोषी करार दिया गया है। इसके साथ ही जिन खातों ने रकम निकाली गई, इसके लिए संबंधित बैंकों को रिकवरी के लिए पत्र जारी किया गया है।
समाज कल्याण विभाग में करीब ढाई करोड़ रुपये का पेंशन घोटाला हुआ। जिसमें समाज कल्याण अधिकारी के डोंगल का इस्तेमाल किया गया। जिसमें पेंशन लाभार्थी के खाते न भेजकर दूसरे खातों में भेज दी गई। जांच में ऐसे करीब 2496 खाताधारक मिले हैं। जिनके खातों में वृद्धावस्था पेंशन की नौ माह के नौ हजार रुपये भेजे गए। इसी हिसाब से वृद्धावस्था पेंशन घोटाला करीब ढाई करोड़ के आसपास हुआ है।
मामले की ज्वाइंट डायरेक्टर अरुण कुमार पांडेय की अध्यक्षता में डायरेक्टर पवन सिंह को जांच सौंपी गई। करीब ढाई माह से अधिक समय मामले की जांच में लग गया। जांच में प्रथमदृष्टया दोषी मिलने पर तत्कालीन समाज कल्याण अधिकारी को निलंबित कर कार्यालय से अटैच कर दिया गया था।
जांच टीम ने संबंधित बैंक खातों की जांच की तो पता चला कि 2496 खातों में पेंशन की रकम भेजी गई। यह वे खाते थे, जिनका इस्तेमाल घोटाले में संलिप्त लोगों ने किया। ऐसे खाताधारकों को बताया कि उनके खाते में प्रधानमंत्री योजना की तरफ से रकम भेजी गई है।
खाताधारकों को झांसे में लेकर उनसे रकम निकलवा ली गई और उनको कुछ लालच दे दिया गया था। जांच टीम ने संबंधित सभी खातों को सीज करा दिया था। जांच पूरी होने के बाद डायरेक्टर पवन सिंह ने तत्कालीन समाज कल्याण अधिकारी को आरोप पत्र सौंप दिया हैं। जिसमें उनको दोषी करार दिया गया है।
खातों से रिकवरी के लिए बैंकों को भेजे जा रहे पत्र
– समाज कल्याण विभाग में हुए पेंशन घोटाले में इस्तेमाल किए गए 2496 खातों को जांच टीम ने सीज करा दिया था। अब जांच पूरी होने के बाद समाज कल्याण विभाग की ओर से संबंधित बैंक को पत्र जारी किया जा रहा है कि सीज खातों ने निकाली गई रकम की रिकवरी की जाए।
विभागीय जानकारी हुई है कि तत्कालीन समाज कल्याण अधिकारी को आरोप पत्र सौंप दिया गया है। विभाग की ओर से संबंधित खातों से रिकवरी कराने के लिए पत्र जारी किया जा रहा है। – वंदना सिंह, समाज कल्याण अधिकारी

