Pilibhit News: मिल प्रबंधन ने श्रमिकाें की सिर्फ एक मांग मानी
बीसलपुर। किसान सहकारी चीनी मिल के अधिकारियों और श्रमिक नेताओं के बीच पांच सूत्री मांगों को लेकर रविवार को वार्ता हुई। इसमें महज एक मांग ही मांगी गई। बाकी मांगें पूरी न होने पर श्रमिक नेता मायूस हैं।
किसान सहकारी चीनी मिल के श्रमिक नेताओं ने एक सप्ताह पूर्व मिल के प्रधान प्रबंधक जयप्रकाश को पांच सूत्री ज्ञापन दिया था। इसमें 10 वर्षों से लगातार काम कर रहे श्रमिकों को सूचीबद्ध करने, मिल में समान कार्य समान वेतन लागू करने, दैनिक वेतन संविदाकर्मियों का पीएफ काटकर भविष्य निधि न्यास में जमा करने, संविदा कर्मचारियों को भी स्थायी कर्मचारियों के समान अवकाश की सुविधा देने और आउटसोर्सिंग संविदा कर्मियों को जेम पोर्टल के तहत समान वेतन समान कार्य की योजना से लाभान्वित कराने मांग की गई।
रविवार को मिल के अतिथि गृह में अधिकारियों और श्रमिक नेताओं के बीच वार्ता हुई। काफी देर तक चली वार्ता के बाद 10 वर्षों से लगातार काम करने वाले संविदा कर्मचारियों को सूचीबद्ध करने की ही मांग मानी गई। वार्ता में अधिकारियों ने कहा कि श्रमिक नेता प्रदेश की अन्य सहकारी चीनी मिलों से पता कर लें कि वहां संविदा कर्मचारियों को ये सुविधा दी जा रही हैं या नहीं। अधिकारियों ने कहा कि श्रमिक नेता उन चीनी मिलों के प्रधान प्रबंधकों से लिखवा कर ले आएं, तब इस मिल में भी संविदाकर्मियों की संबंधित मांगों को पूरा कर दिया जाएगा।
इस दौरान दोनों पक्षों में काफी नोकझोंक हुई। वार्ता करीब एक घंटा चली। चार मांगें पूरी न होने से श्रमिक नेता काफी मायूस रहे। वार्ता में मिल के प्रधान प्रबंधक जयप्रकाश, मुख्य गन्ना अधिकारी अवधेश कुमार, मुख्य लेखाकार रवि चौधरी, मुख्य रसायन विद विद्याराम शुक्ला आदि शामिल थे। श्रमिक नेताओं की ओर से कोऑपरेटिव चीनी मिल मजदूर यूनियन के अध्यक्ष श्याम बहादुर शर्मा, महामंत्री राजेंद्र शर्मा और समाजवादी यूनियन के अध्यक्ष सुशील मिश्रा आदि शामिल थे।