Pilibhit News: छोटे कद की महिलाओं का बड़े अस्पताल में होगा प्रसव
कम वजन के साथ हो सकती हैं कई स्वास्थ्य संबंधी दिक्कतें, जांच के बाद की जाएंगी रेफर
मातृ मृत्यु दर कम करने की दिशा में स्वास्थ्य विभाग ने किया फैसला
संवाद न्यूज एजेंसी
पीलीभीत। छोटे कद की गर्भवती महिलाओं को प्रसव के लिए नजदीकी स्वास्थ्य केंद्रों के बजाय अब जिला अस्पताल या मंडल स्तरीय अस्पताल भेजा जाएगा। इस दौरान स्वास्थ्यकर्मी भी उनके साथ मौजूद रहेंगे।
स्वास्थ्य विभाग की ओर से सुरक्षित प्रसव कराने पर जोर दिया जा रहा है। गर्भवती महिलाओं का आरसीएच (रिप्रोडेक्टिव एंड चाइल्ड हेल्थ) पोर्टल के माध्यम से पंजीकरण कराया जा रहा है। प्रमुख रूप से हाई रिस्क श्रेणी में आने वाली गर्भवती महिलाओं पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है। इसमें अधिकतर वे महिलाएं हैं जो छोटे कद की हैं। ऐसी महिलाओं को आशा कार्यकर्ता-एएनएम जानकारी दे रही हैं कि प्रसव के दौरान बड़े अस्पताल भी जाना पड़ सकता है। बड़े अस्पतालों से आशय जिला चिकित्सालय, मंडल स्तर पर बरेली के हायर सेंटर, लखनऊ का क्वीन मेरी अस्पताल से है। वहां तक उन्हें सरकारी एंबुलेंस से ही भेजा जाएगा, ताकि परिजनों पर खर्च का बोझ न पड़े। इस दौरान ऐसी महिलाओं के साथ आशा कार्यकर्ता भी मौजूद रहेंगी। खर्च की पूरी जिम्मेदारी स्वास्थ्य विभाग की ही होगी।
इसलिए लिया गया फैसला
सीएमओ डॉ आलोक शर्मा ने बताया कि साढ़े चार फुट से कम कद की महिलाओं का वजन अक्सर कम होता है, समय-समय पर जांचें कराकर दवाएं मुहैया कराई जाती हैं, फिर भी आपात स्थिति में कोई खतरा न उत्पन्न हो इसलिए इनकी बड़े अस्पतालों में डिलीवरी कराई जाएगी। जिला या मंडल स्तरीय अस्पताल में सीएचसी से ज्यादा सुविधाएं होती हैं। इसलिए वहां डिलीवरी कराई जाएगी।

