Pilibhit News: बाघ ने खेतों में चर रही गाय-भैंस को मार डाला

जमुनिया गांव में बाघ की निगरानी करते वनकर्मी । स्रोत – वन कर्मी
पूरनपुर। हरीपुर जंगल से निकले बाघ ने गांव बंजरिया के समीप खेतों में चर रही एक भैंस और गांव बिनौरा के समीप छुट्टा घूम रही गाय को मार डाला। जटपुरा के समीप एक ईंट-भट्ठे के समीप बाघ के पगचिह्न मिलने पर आसपास के लोगों में खलबली है।
रविवार को जंगल से निकले बाघ ने गांव बंजरिया के समीप खेत में चर रही भैंस को मार डाला। अधखाया भैंस का शव मिलने की सूचना हरीपुर रेंज के कर्मचारियों को दी गई। इसके अलावा रविवार शाम को गांव बिनौरा के समीप खेत में घूम रही छुट्टा गाय को बाघ ने मार डाला। खेत में अधखाया शव मिलने पर लोगों ने इसकी सूचना वन विभाग के कर्मचारियों को दी।
रविवार रात को बाघ गांव जटपुरा के समीप एक ईंट-भट्ठे के समीप घूमता देखा गया। सोमवार सुबह ईंट-भट्ठा परिसर में बाघ के पगचिह्न देखे गए। तीनों स्थानों पर पहुंची हरीपुर की टीम को बाघ के पगचिह्न मिले। हरीपुर रेंजर वीरेंद्र सिंह रावत ने बताया कि भैंस और गाय के मारने की सूचना नहीं है। हालांकि तीनों स्थानों पर कर्मचारियों को बाघ के पगचिह्न मिले हैं। गांव बंजरिया और जटपुरा के समीप अक्सर बाघ चहलकदमी करता है। लोगों को सतर्क रहने को कहा गया है।
जमुनिया गांव पहुंचा बाघ, तेजी से क्षेत्र बदलने से बढ़ी चुनौती
कलीनगर। कलीनगर तहसील क्षेत्र के अंतर्गत कई माह से बाघों की मौजूदगी देखी जा रही है। दो माह पूर्व से एक बाघ क्षेत्र में सक्रिय है। आठ किलोमीटर दायरे में बाघ चहलकदमी कर रहा है। शनिवार रात बाघ वीरखेड़ा गांव से निकलकर पिपरिया संतोष गांव की सीमा में पहुंच गया था। रविवार शाम तक बाघ की मौजूदगी देखी गई थी।
देर रात बाघ जमुनिया गांव की ओर निकल गया। सोमवार की सुबह खेतों में बाघ की चहलकदमी देखी गई। इसके बाद सामाजिक वानिकी की टीम ने बाघ की निगरानी शुरू की। रेंजर पियूष मोहन श्रीवास्तव ने बताया कि बाघ की निगरानी के लिए टीमें लगाई गईं हैं। गतिविधियों पर पूरी नजर रखी जा रही है। संवाद