Rampur News: नाला की साफ-सफाई को एक सप्ताह की दी मोहलत

रामपुर में डिस्टलरी और मोदी फैक्ट्री से होकर गुजर रहे टेढ़े नाले का निरीक्षण करते अधिशासी अभियंत
रामपुर। किसानों की चेतावनी के बाद सिंचाई विभाग के अधिकारी हरकत में आ गए। अधिशासी अभियंता ने किसानों के साथ गंदा और टेढ़ा नाला जाकर देखा। दोनों नालों की कई साल से सफाई नहीं कराई गई थी। सफाई के लिए सप्ताह भर की मोहलत दी है। भाकियू के सैदनगर पूर्व ब्लाकाध्यक्ष चौधरी हरपाल सिंह के नेतृत्व में किसानों ने नहर विभाग के दफ्तर पर पांच दिन धरना दिया था। किसानों का कहना है कि नहर और नालों की सफाई नहीं होती। अधिकतर नहरों पर कब्जा कर लिया गया है। इसलिए उन्हें फसलों के लिए पानी नहीं मिल पा रहा है। नहरों की मरम्मत, सफाई और बाढ़ सुरक्षा कार्यों के नाम पर करोड़ों का दुरुपयोग किया है।
सिटी मजिस्ट्रेट के आश्वासन पर किसानों ने धरना समाप्त कर दिया था। उनकी ही मौजूदगी में अधिशासी अभियंता ने सारी मांगें मान ली थीं। इसके बाद नहर विभाग की टीम किसानों के लेकर नहर या नाले पर नहीं पहुंची। लिहाजा प्रदेश कैंप कार्यालय पर सोमवार की हुई पंचायत में 16 जुलाई से दोबारा धरना देने की चेतावनी दी गई थी। इसके बाद अधिशासी अभियंता सियाराम मंगलवार को भाकियू के प्रदेश महासचिव हसीब अहमद को लेकर डिस्टलरी और मोदी फैक्ट्री से होकर गुजर रह टेढ़े और गंदे नाले का निरीक्षण किया। दोनों नाले मिट्टी और घास से पटे मिले। ग्रामीणों ने बताया कि नालों की करीब 20 साल से सफाई नहीं कराई गई है। जगह-जगह क्षतिग्रस्त होने से खेतों में पानी भर जाता है। इस मौके पर मित्रपाल सिंह, साबिर, जुवेद आलम, रामोतार समेत तमाम लोग मौजूद रहे।