Rampur News: दो गांवों के रोजगार सेवकों को सेवा समाप्ति का नोटिस जारी
रामपुर। मनरेगा पोर्टल पर दर्ज मजदूरों के मुकाबले कम मजदूरों से कार्य कराया गया है, जिस पर सैदनगर क्षेत्र के दो रोजगार सेवक फंस गए हैं। सैदनगर के प्रभारी खंड विकास अधिकारी एवं ज्वाइंट मजिस्ट्रेट ने दोनों रोजगार सेवकों को सेवा समाप्ति के लिए नोटिस दिया है। इस कार्रवाई से खलबली मच गई है।
मामला सैदनगर के परशुपुरा और बिचपुरी गांव की पंचायत से जुड़ा हुआ है। यहां पर रोजगार सेवकों द्वारा मनरेगा कार्य में पोर्टल पर दर्ज श्रमिकों के सापेक्ष कम श्रमिकों से कार्य कराए गए हैं। अधिकारियों को भ्रमित करने और सरकारी संपत्ति का दुरुपयोग होने की पुष्टि के बाद ज्वाइंट मजिस्ट्रेट अभिनव जे जैन ने दोनों को नोटिस जारी करके तीन दिवस के भीतर अनिवार्य रूप से स्पष्टीकरण के निर्देश दिए हैं। ग्राम पंचायत परशुपुरा में रोजगार सेवक मोहम्मद इमरान द्वारा मनरेगा योजना के अंतर्गत 30 श्रमिकों का डेटा दर्ज किया गया, जिसके सापेक्ष मात्र 10 श्रमिक ही कार्य करते पाए गए थे। वहीं ग्राम बिचपुरी के रोजगार सेवक रमेश बाबू को भी सेवा समाप्ति का नोटिस जारी हुआ है।
ज्वाइंट मजिस्ट्रेट ने 20 अक्टूबर को ग्राम पंचायत बिचपुरी का औचक निरीक्षण किया था, जिसमें मनरेगा के अंतर्गत लखपत के खेत से मुस्तफा के खेत तक चक मार्ग कार्य का निरीक्षण करने पर पाया कि निर्धारित पोर्टल एनएमएमएस पर 36 श्रमिकों के नाम सम्मिलित हैं, जबकि मौके पर मात्र 7 श्रमिक ही कार्य कर रहे थे।
ज्वाइंट मजिस्ट्रेट ने बताया कि इन दोनों के द्वारा अधिक श्रमिकों की उपस्थिति दिखाकर फर्जी भुगतान करने का मामला प्रथम दृष्टया सामने आया है। इसके साथ ही बिचपुरी में एनएमएमएस पर किसी अन्य कार्य के फर्जी फोटो अपलोड करने के मामले की भी पुष्टि हुई।