Shahjahanpur News: निशुल्क शिक्षा देकर साक्षरता की अलख जगा रहे युवा

निगोही के संविलियन विद्यालय पतराजपुर में बच्चों को पढ़ाती श्वेता प्रताप
शिक्षक दिवस पर विशेष
– अमित श्रीवास्तव और फारिया चला रहे मानवता की पाठशाला
– फहमीन ने जरूरतमंदों के लिए शुरू कराई एहसास पाठशाला
संवाद न्यूज एजेंसी
शाहजहांपुर। शिक्षक का छात्र-छात्राओं के जीवन में महत्वपूर्ण स्थान है। वे अपने शिष्यों का भविष्य गढ़ते हैं। स्कूल और कॉलेजों में जहां शिक्षा प्राप्त करने के लिए शुल्क देना पड़ता है, तो वहीं शहर के कुछ युवा ऐसे भी हैं, जो बिना कोई शुल्क लिए जरूरतमंद परिवारों के बच्चों को निशुल्क शिक्षा प्रदान कर रहे हैं। जिससे कि इन परिवारों के बच्चे भी आगे बढ़ सकें।
निशुल्क शिक्षा देने वाले युवाओं में एक नाम है अमित श्रीवास्तव का। अमित बताते हैं कि उन्होंने दो साल पहले गुरगवां में मानवता की पाठशाला को शुरू किया था। वर्तमान में पांच स्थानों पर मानवता की पाठशाला लग रही है। इनमें एक पाठशाला वाराणसी में भी लगती है। इसमें जरूरतमंद परिवारों के बच्चों को बिना कोई शुल्क लिए शिक्षा प्रदान की जाती है। बताया कि यह विचार उनके दिमाग में तब आया, जब वह पिछड़े इलाकों में राष्ट्रीय पर्व मनाने के लिए गए।
उन्होंने बताया कि जहां जाकर पता चला कि अधिकतर बच्चे स्कूल ही नहीं जाते। जिसके बाद उन्हें इन बच्चों को निशुल्क शिक्षा देने का विचार आया। इन बच्चों को कॉपी, किताबें व स्टेशनरी भी निशुल्क उपलब्ध कराई, अब वे लगातार इस काम में जुटे हैं। बताया कि उनकी टीम में अंकिता वर्मा, शादाब, लवली सक्सेना, फारिया, मौसम, सागर, असलम शामिल हैं।
फारिया ने भी मानवता की पाठशाला को बढ़ाया
लोदीपुर निवासी फारिया आरिफ भी ऐसे ही युवाओं में शामिल हैं जोकि जरूरतमंद परिवारों के बच्चों को शिक्षित कर रहीं है। इस कार्य के लिए वह किसी से कोई शुल्क नहीं लेतीं। फारिया ने बताया कि कोविड काल में स्कूल बंद थे, वह भी घर पर ही रहकर बोर हो रहीं थीं। तब उन्हें मानवता की पाठशाला के विषय में पता चला। उन्होंने इससे जुड़ने का मन बना लिया। इसके बाद अपने मोहल्ले में ही ऐसे बच्चों को ढूंढा जोकि जरूरतमंद परिवारों से थे और उनके अभिभावक स्कूल भेजने में सक्षम नहीं थे।
बताया कि उनके द्वारा शुरू की गई मानवता की पाठशाला में 30 बच्चे रोजाना पढ़ने आते हैं। बच्चों को पढ़ाने के अलावा वह सामाजिक कार्यों में भी सहयोग करतीं हैं।
फहमीन खान ने शुरू कराई एहसास की पाठशाला
हयातपुरा निवासी व एहसास वेलफेयर सोसायटी के अध्यक्ष फहमीन खान ने कोविड काल में एहसास की पाठशाला शुरू कराई। इस पाठशाला में भी बच्चों को निशुल्क शिक्षा प्रदान की जाती है। फहमीन बताते हैं कि पहली एहसास की पाठशाला मोहल्ला बाला तिराही निकट गर्रा फाटक में संस्था जिला सचिव मोहम्मद रिजवान के घर में चल रही है। जिसमें पिछले तीन वर्षों से 80 बच्चों को शिक्षक आमिर रजा व शिक्षिका तस्फिया समर द्वारा शिक्षा प्रदान की जा रही है।
बच्चे आर्थिक रूप से कमजोर परिवार से आते हैं। इनको कॉपी, किताबें, पेंसिल, रबर, बैग आदि भी निशुल्क दिया जाता है। इसके साथ ही बच्चों के साथ राष्ट्रीय पर्व धूमधाम से मनाए जाते हैं। बताया कि संस्था का लक्ष्य है कि कोई भी जरूरतमंद बच्चा शिक्षा से वंचित न रहे। संस्था शहर में इस तरह की और भी पाठशालाएं खोलेंगी।
चित्रों व खेल के जरिए बच्चों को शिक्षित कर रहीं श्वेता
शाहजहांपुर। निगोही के संविलियन विद्यालय पतराजपुर की सहायक अध्यापक श्वेता प्रताप छात्र-छात्राओं को चित्रों व खेल के जरिए शिक्षित कर रहीं हैं। प्रोजेक्टर के जरिए बच्चों को आसान तरीके से शिक्षित कर रही हैं। उन्हें कई सम्मान भी मिल चुके हैं।
वर्ष 2016 में सहायक अध्यापक के रूप में कार्यभार ग्रहण करने वाली श्वेता ने विद्यालय का नक्शा ही बदल दिया। वह नए तरीके से शिक्षण कार्य कराती हैं। किताबों के अलावा प्रोजेक्टर के जरिए बच्चों को खेल-खेल में शिक्षा दी जाती है। टीएलएम व प्रिंट रिच सामग्री का उपयोग होने से बच्चे भी खूब आनंदित होकर शिक्षण में रुचि लेते हैं। विभिन्न खेलों को कराने के बाद उन्हें पुरस्कृत कर हौसला बढ़ाती हैं, जिससे वह स्कूल से जुड़े रहे। उन्होंने स्कूल की छात्र संख्या को बढ़ाने के लिए व्यक्तिगत तरीके से अभिभावकों से संपर्क साधा है। श्वेता प्रताप को ब्लॉक स्तर पर प्रेरक शिक्षक व उत्कृष्ट शिक्षक का पुरस्कार मिल चुका है। संवाद

निगोही के संविलियन विद्यालय पतराजपुर में बच्चों को पढ़ाती श्वेता प्रताप

निगोही के संविलियन विद्यालय पतराजपुर में बच्चों को पढ़ाती श्वेता प्रताप

निगोही के संविलियन विद्यालय पतराजपुर में बच्चों को पढ़ाती श्वेता प्रताप

निगोही के संविलियन विद्यालय पतराजपुर में बच्चों को पढ़ाती श्वेता प्रताप

निगोही के संविलियन विद्यालय पतराजपुर में बच्चों को पढ़ाती श्वेता प्रताप