Pilibhit News: किसानों ने ट्रैक्टरों से बाघ को घेरा, वन विभाग की टीम से नोकझोंक

खन्नौत नदी की झाड़ियों में बाघ पकड़ने को लगाया जा रहा पिंजरा। संवाद
वन विभाग की टीम ने पकड़ने के लिए लगाया पिंजरा
संवाद न्यूज एजेंसी
पूरनपुर। गांव मनहरिया के समीप दो जून से चहलकदमी कर रहा बाघ बृहस्पतिवार रात को झाड़ियों से निकलकर फार्मों के समीप पहुंच गया। शोर-शराबे पर लोगों ने ट्रैक्टरों से बाघ को घेर लिया। सूचना पर पहुंची वन एवं वन्य जीव प्रभाग की टीम से किसानों की नोकझोंक हुई। किसानों ने हंगामा भी किया। सूचना पर पहुंची वन विभाग की टीम ने लोगों को शांत किया। फिलहाल बाघ को पकड़ने के लिए पिंजरा लगा दिया गया है।
माला जंगल से निकलकर दो जून को गांव मनहरिया के समीप खन्नौत नदी की झाड़ियों में बाघ पहुंचा था। बाघ के खन्नौत नदी के किनारे और खेतों में घूमता देखकर इसकी सूचना वन एवं वन्य जीव प्रभाग के अफसरों को दी गई। मौके पर पहुंची टीम को बाघ के पदचिह्न मिले थे। बाघ की निगरानी को टीम लगार्ई गई। इसके साथ आसपास के लोगों को सतर्क किया गया। इसके बाद बाघ झाड़ियों में ही ठिकाना बनाए रहा।
बृहस्पतिवार रात को बाघ झाड़ियों से निकलकर गांव मनहरिया के समीप पहुंचा। बाघ दिखने पर किसानों ने शोर-शराबा किया। कई किसानों ने ट्रैक्टरों से बाघ को घेर लिया। सूचना पर वन एवं वन्य जीव प्रभाग की टीम मौके पर पहुंची। नाराज किसानों ने जमकर हंगामा किया। हंगामा कर रहे किसानों की वन विभाग की टीम के सदस्यों से नोकझोंक भी हुई।
हंगामा कर रहे किसानों का कहना था कि सात दिन बाद भी बाघ को जंगल में नहीं खदेड़ा गया। इससे किसान खेतों में भी नहीं जा पा रहे हैं। घरों से निकलने पर बाघ की दहशत बनी रहती है। घुंघचाई थाना और जराकोठी पुलिस चौकी से पहुंची पुलिस ने हंगामा कर रहे लोगों को बमुश्किल शांत किया।
आधी रात को वनकर्मियों की टीम ने बाघ को नहर पटरी से खदेड़ा। बाघ खन्नौत नदी की झाड़ियों में छिप गया। शुक्रवार को वन एवं वन्य जीव प्रभाग के प्रभागीय निदेशक संजीव कुमार मौके पर पहुंचे। बाघ को पकडने के लिए पिंजरा लगाया गया।

खन्नौत नदी की झाड़ियों में बाघ पकड़ने को लगाया जा रहा पिंजरा। संवाद