कूड़ा निस्तारण प्लांट : मशीनों का अता-पता नहीं, करा दिया लोकार्पण

मीरापुर स्थित कूड़ा निस्तारण प्लाट । स्रोत नगर पालिका
पीलीभीत। शहर से निकलने वाले कूड़े का निस्तारण करने के लिए जहानाबाद रोड पर मीरापुर गांव में कूड़ा निस्तारण प्लांट का निर्माण कराया गया है। अभी ढांचा तैयार हो पाया है, मशीनों का अता-पता नहीं है। बावजूद इसके प्लांट का मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से लोकार्पण करा दिया गया है।
शहर में रोजाना करीब 50 मीट्रिक टन कूड़ा एकत्र होता है, जो ईदगाह के पास एकत्र किया जाता है। शहर से निकलने वाले कूड़े का निस्तारण करने के लिए तीन साल पहले वर्ष 2020 में कार्ययोजना तैयार की गई थी। स्वीकृति मिलने के बाद दिसंबर 2021 में कार्य शुरू हुआ, जो अब पूरा हो सका है। करीब दो एकड़ में प्लांट का निर्माण 6.16 करोड़ के बजट से कराया गया है। कार्यदायी संस्था सीएनडीएस का दावा है कि प्लांट का निर्माण कार्य मार्च 2023 में पूरा करने के बाद जून में नगर पालिका को हैंडओवर कर दिया गया।
प्लांट के नाम पर महज यहां भवन ही बन पाया है। कूड़े के निस्तारण के लिए एक मशीन तक नहीं लगी है। कब मशीनें आएंगी, कब प्लांट शुरू होगा इसके बारे में किसी को कुछ नहीं पता। इन सबके बीच अधिकारियों ने बीती 6 अक्तूबर को मुस्तफाबाद गेस्ट हाउस में आए मुख्यमंत्री से कूड़ा निस्तारण प्लांट का लोकार्पण कराकर अपनी पीठ थपथपा ली है।
रोजाना होगा 60 मीट्रिक टन कूड़े का निस्तारण
नगर पालिका से मिली जानकारी के मुताबिक, कूड़ा निस्तारण प्लांट में जो मशीनें लगाई जाएंगी उससे रोजाना करीब 60 मीट्रिक टन कूड़ा निस्तारण किया जाएगा। यह और बात है कि अब तक मशीनें नहीं आने के कारण शहर से निकलने वाला कूड़ा या तो ईदगाह के पास फेंका जा रहा है, या फिर इधर-उधर डाला जा रहा।
मीरापुर गांव में दो एकड़ जमीन पर कूड़ा निस्तारण प्लांट का भवन तैयार कर नगर पालिका को हैंडओवर कर दिया गया है। इसकी लागत करीब 6.16 करोड़ आई है। -मनोज कुमार, इंजीनियर, सीएनडीएस
कूड़ा निस्तारण प्लांट का निर्माण शासन स्तर से कराया जा रहा हैं। वहीं से मशीनें आनी हैं, इसमें नगर पालिका की सीधी भूमिका नहीं है। मशीनें कब तक आएंगी इसकी कोई जानकारी नहीं है। -देवेंद्र सिंह, प्रभारी ईओ नगर पालिका