Amroha News: सूबे के चर्चित कारतूस कांड में पूरी नहीं हो सकी बहस, आज भी होगी
रामपुर। सूबे के चर्चित कारतूस कांड में मंगलवार को भी अभियोजन की ओर से कोर्ट में बहस की गई, लेकिन पूरी नहीं हो सकी। आज भी सरकारी वकील अपना पक्ष रखेंगे।
10 अप्रैल 2010 को सिविल लाइंस थाना क्षेत्र के ज्वालानगर में रेलवे क्रासिंग के पास से एसटीएफ की टीम ने सीआरपीएफ के दो हवलदार विनोद और बिनेश पासवान को गिरफ्तार किया था। एसटीएफ ने उनके कब्जे से भारी मात्रा में कारतूस बरामद किए गए थे। आरोपियों से कारतूस, इंसास रायफल और भारी मात्रा में नकदी बरामद हुई थी। इसके बाद दोनों की निशानदेही पर इलाहाबाद पीएसी से रिटायर्ड एक दरोगा यशोदानंदन, मुरादाबाद पीटीसी के एक आर्मर नाथीराम सैनी समेत बस्ती,गोंडा, बनारस समेत कई जिलों से पुलिस व पीएसी के आरमोरर को गिरफ्तार किया गया था। पुलिस ने इस मामले की तफ्तीश के बाद इस प्रकरण की चार्जशीट कोर्ट में दाखिल कर दी है। इस मामले की सुनवाई स्पेशल जज ईसी एक्ट विजय कुमार की कोर्ट में चल रही है। मंगलवार को अभियोजन की ओर से सहायक शासकीय अधिवक्ता प्रताप सिंह मौर्य ने सरकार की ओर से अपना पक्ष रखा, लेकिन उनकी बहस पूरी नहीं हो सकी। बुधवार को भी अभियोजन की बहस होगी।