Bareilly News: कर्मचारियों को वेतन बंटा, बसों की मरम्मत शुरू
बरेली। रोडवेज वर्कशॉप के आउटसोर्सिंग कर्मचारियों को मंगलवार सुबह वेतन बांटा गया। फर्म ने 170 कर्मचारियों को सात लाख रुपये का नकद भुगतान किया। शेष भुगतान भी जल्द देने का भरोसा दिया। इसके बाद हड़ताल पर गए कर्मचारी काम पर लौट आए। करीब 12 बजे वर्कशॉप में बसों की मरम्मत का काम शुरू हो गया।
दरअसल, बरेली और मुरादाबाद रीजन में रोडवेज बसों की मरम्मत का काम निजी फर्म मैसर्स श्री सांई इंटरप्राइजेज के पास था। ठेका और कार्यादेश में वित्तीय अनियमितताएं पाए जाने पर पहले मुरादाबाद और बाद में बरेली में फर्म का ठेका निरस्त करते हुए उसे ब्लैकलिस्ट कर दिया गया। इन्हीं कारणों से बरेली में कर्मचारियों को दो माह से भुगतान नहीं मिला था। ऐसे में सोमवार को वर्कशॉप के मैकेनिकल कर्मचारियों ने हड़ताल कर दी थी। बरेली और रुहेलखंड डिपो के वर्कशॉप में हड़ताल के कारण बसों की मरम्मत का काम ठप हो गया था।
मुख्यालय ने तलब की रिपोर्ट
बरेली रीजन में लगातार हो रहे विवादों के बीच मुख्यालय ने रिपोर्ट तलब की है। इससे पहले 20 जून को भी वर्कशॉप में विवाद हो चुका है। उस समय 100 से ज्यादा चालकों के वेतन से डीजल कटौती कर दी गई थी। इसको लेकर चालक हड़ताल पर चले गए थे। करीब 200 बसों के पहिये दोपहर तक थमे रहे थे। इस बीच आरएम कार्यालय का बाबू जगमोहन यादव रिश्वत लेते रंगे हाथों पकड़ा गया। बरेली डिपो के चालक सर्वेश की हत्या कर दी गई। रोडवेज की जनरथ श्रेणी की एसी बस रास्ते में रोक कर नमाज पढ़वाने का मामला सुर्खियों में आया। सोमवार को इस बर्खास्त संविदा परिचालक ने ट्रेन के आगे कूदकर खुदकुशी कर ली। ऐसे में बरेली रीजन को लेकर मुख्यालय गंभीर है।
वर्जन-
फर्म और कर्मचारियों के बीच गतिरोध था। उसका निस्तारण हो गया है। -धनजी राम, सेवा प्रबंधक



