Bareilly News: एसडीएम की मौजूदगी में दुकानों को कराया कब्जामुक्त
अलीगंज। गैनी गांव में दुकानों में लूट और दुकान स्वामी को दौड़ाकर पीटने के मामले में मंगलवार को एसडीएम गोविंद मौर्य, क्षेत्राधिकारी आंवला डॉ. दीपशिखा सिंह, थानाध्यक्ष पुष्पेंद्र सिंह और चौकी इंचार्ज हेमंत कुमार यादव मौके पर पहुंचे। एक पक्ष की ओर से मारपीट के बाद दुकानों में लगाए गए ताले तुड़वाकर उन्हें कब्जामुक्त कराया। दुकानों के पीछे खाली पड़ी जगह में बांधे गए पशुओं को भी वहां से हटवा दिया।
एसडीएम कोर्ट से निर्णय आने तक दुकानों का उपयोग न करने के निर्देश दिए हैं। सीओ ने दुकानों पर सीसीटीवी कैमरे लगाने के आदेश देने के साथ मौके पर पुलिस बल को भी तैनात किया है। दरअसल, सोमवार की सुबह करीब सात बजे कई लोगों ने विजयवीर सिंह और उनके परिजनों को लाठी-डंडों व धारदार हथियारों से हमला कर जख्मी कर दिया। इसके बाद जबरन दुकानों से सामान निकालकर बाहर फेंक दिया। चार पहिया वाहन को भी लाठी-डंडों से क्षतिग्रस्त किया। जिसका वीडियो सोशल मीडिया पर भी वायरल हुआ। इसकी शिकायत पीड़ित पक्ष ने एसएसपी से की थी।
मामले को गंभीरता से लेते हुए पुलिस ने सोमवार को ही दोनों पक्षों की 14 महिलाओं समेत 15 लोगों के खिलाफ शांति भंग की आशंका में कार्रवाई की थी। मारपीट करने वाले पक्ष के 22 लोगों के खिलाफ मुकदमा भी दर्ज किया गया है। मामले में मंगलवार को चार लोगों को जेल भी भेज दिया गया। उधर, मंगलवार सुबह ही पीड़ित पक्ष के लोग दुकानों से कब्जा मुक्त कराने के लिए वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक और एसपी देहात से मिलने पहुंचे। बताया कि उन लोगों को दौड़ाकर पीटा गया जिसका वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है। क्षत्रिय महासभा के नेता भुवनेश्वर सिंह, एमपी सिंह, ऋषिपाल सिंह, विक्रांत सिंह आदि के साथ पीड़ित विजय सिंह ने मीडिया से भी बात की। एक जनप्रतिनिधि पर दूसरे समाज के दबंग लोगों का साथ देने का आरोप लगाया।
क्षेत्राधिकारी आंवला डॉक्टर दीपशिखा सिंह का कहना है कि उपजिलाधिकारी की मौजूदगी में गैनी स्थित दुकानों से कब्जा मुक्त करा दिया गया है। मौके पर पुलिस बल की तैनाती भी रहेगी।



