Budaun News: झंडी वापसी के साथ ककोड़ा मेला का समापन

जिला पंचायत के कर्मचारी मेला ककोड़ा से झंडी लेकर ककोड़ देवी मंदिर पहुंचे।
कादरचौक। मेला ककोड़ा का सोमवार को विधिवत समापन हो गया। दोपहर बाद जिला पंचायत के कर्मचारी मेला परिसर से झंडी लेकर ककोड़ देवी मंदिर पहुंचे और विधि विधान से उसे स्थापित किया। जिला पंचायत प्रशासन अब मेले की व्यवस्थाओं की जिम्मेदारी से मुक्त हो गया है।
गंगातट पर ककोड़ देवी मंदिर से झंडी की स्थापना के साथ 20 नवंबर से मेला ककोड़ा का शुभारंभ हुआ था। सोमवार को विधि-विधान से पूजा अर्चना कर झंडी वापस मंदिर में स्थापित कर दी गई। इसी के साथ पखवाड़े भर से चल रहे मेले का समापन हो गया। मेले में बसा तंबुओं का शहर पूरी तरह उखड़ गया है। जिला पंचायत की ओर से जो सुविधाएं दी जा रही थीं, वे भी सोमवार को बंद कर दी गई। हालांकि अभी कुछ व्यापारी मेले में रुके हैं। एक-दो दिन में वे भी चले जाएंगे।
अधिकारियों ने केवल औपचारिकताएं निभाईं
मेला ककोड़ा की शुरुआत से लेकर अंतिम दिन तक जिला प्रशासन और पंचायत के अधिकारियों ने केवल औपचारिकताएं ही निभाईं। मेले में जिला प्रशासन से लेकर पंचायत तक के अधिकारियों, कर्मचारियों यहां तक की जनप्रतिनिधियों के कैंपों में सन्नाटा पसरा रहा था।