कारतूस कांड : बचाव पक्ष ने की बहस, अब सुनवाई 31 को
रामपुर। सूबे के चर्चित कारतूस कांड में शुक्रवार को बचाव पक्ष के अधिवक्ता ने बहस की, लेकिन बहस पूरी नहीं हो सकी। अब इस मामले की अगली सुनवाई 31 जुलाई को होगी।
10 अप्रैल 2010 को सिविल लाइंस थाना क्षेत्र के ज्वालानगर में रेलवे क्रासिंग के पास से एसटीएफ की टीम ने सीआरपीएफ के दो हवलदार विनोद और बिनेश पासवान को गिरफ्तार किया था। एसटीएफ ने उनके कब्जे से भारी मात्रा में कारतूस बरामद किए गए थे। आरोपियों से कारतूस, इंसास रायफल और भारी मात्रा में नकदी बरामद हुई थी।
इसके बाद दोनों की निशानदेही पर इलाहाबाद पीएसी से रिटायर्ड एक दरोगा यशोदानंदन, मुरादाबाद पीटीसी के एक आर्मरर नाथीराम सैनी समेत बस्ती, गोंडा, बनारस समेत कई जिलों से पुलिस व पीएसी के आरमोरर को गिरफ्तार किया गया था। पुलिस ने इस मामले की तफ्तीश के बाद इस प्रकरण की चार्जशीट कोर्ट में दाखिल कर दी है। इस मामले की सुनवाई स्पेशल जज ईसी एक्ट विजय कुमार की कोर्ट में चल रही है। शुक्रवार को बचाव पक्ष की ओर से अधिवक्ता एसएस कपूर ने बहस की, लेकिन पूरी नहीं हो सकी। अब इस मामले की अगली सुनवाई 31 जुलाई को होगी।