दर्दनाक: किसी का सुहाग उजड़ा तो किसी ने खोया पिता, हादसे से आठ परिवारों पर टूटा दुखों का पहाड़

Shahjahanpur Road accident
– फोटो : अमर उजाला
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पौष पूर्णिमा पर गंगा स्नान कर पुण्य कमाने के लिए निकले 12 लोगों की हादसे में जान चले जाने से आठ परिवारों पर वज्रपात हो गया। हादसे की खबर दोनों गांवों में पहुंची तो परिजन बिलख पड़े। जिसे जो साधन मिला, उससे पोस्टमार्टम हाउस की ओर दौड़ पड़ा। वहां खून से लथपथ शव देखकर दहाड़ें मारकर रो पड़े।
किसी का सुहाग उजड़ा तो किसी ने खोया पिता
ऑटो मालिक अनंतराम और उनकी मां राजरानी उर्फ बसंता की मौत से पूरे परिवार की खुशियां उजड़ गईं। वहीं, अनंतराम की पत्नी सीमा देवी की मांग का सिंदूर उजड़ गया। बेटे के सिर से पिता का साया छिन गया। परिवार की मुखिया बसंता देवी की छाया भी खत्म हो गई।
सुबह मां-बेटे पांचाल घाट पर स्नान करने के लिए गांव के अन्य लोगों के साथ निकले थे। उनके जाने के दो घंटे बाद ही मौत की खबर ने पूरे परिवार को हिलाकर रख दिया। उनकी पत्नी सीमा देवी पति और सास की मौत की खबर सुनकर बेहोश हो गईं। लोगों ने उन्हें सांत्वना दी।
अनंतराम से उनकी चार साल पहले ही शादी हुई थी। डेढ़ साल के बेटे रणवीर को गोद में उठाए सीमा देवी पति के शव को देखकर बिलख पड़ीं। बोली-अब हम किसके सहारे जिंदगी व्यतीत करेंगे। रोते हुए कभी अनंतराम के मृत शरीर को देखतीं तो कभी बेटे रणवीर का गले लगा लेतीं। मां के आंसू देखकर रणवीर भी बिलख पड़ा। चर्चा है कि ऑटो अनंतराम की जगह सुरेश चला रहा था।