Pilibhit News: शासन ने चाइल्ड लाइन के नंबर 1098 को ईआरएसएस-112 से किया एकीकृत
पीलीभीत। शासन की ओर से चाइल्ड लाइन से जुडे एनजीओ को बंद कर दिया गया है। इसके नंबर 1098 को आपातकालीन प्रतिक्रिया सहायता प्रणाली (ईआरएसएस) के नंबर 112 से एकीकृत कर दिया गया है। इसकी जिम्मेदारी भी अब महिला कल्याण विभाग के अधीन कर दी गई है।
माता-पिता से बिछड़ी बालिकाओं को परिवार से मिलाने अथवा नाबालिगों का विवाह रोकने आदि के लिए चाइल्ड लाइन नाम से एनजीओ संचालित हो रहा था। इसमें लगी टीम के लोग 1098 पर सूचना मिलते ही फौरी तौर पर कार्रवाई करके प्रशासन को अवगत कराते थे। 31 अगस्त को शासन ने इस एनजीओ को बंद कर दिया।
शासन ने एक सितंबर से चाइल्ड लाइन को महिला कल्याण विभाग के अधीन कर दिया है ताकि योजना पहले की तरह संचालित होती रहे। हालांकि अभी इसके तहत काम कैसे होगा, इस बाबत स्पष्ट दिशा-निर्देश शासन की ओर से नहीं दिए गए हैं। एनजीओ के बंद होते ही इसके टोल फ्री नंबर 1098 की कमान लखनऊ स्थित 112 कंट्रोल रूम से लिंक कर दी गई है।
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वन स्टाॅप सेंटर का भी ले सकते हैं सहयोग
यदि किसी को कोई बालिका लावारिस अवस्था में मिलती है तो सीधे तौर पर वन स्टाॅप केंद्र अथवा नजदीकी थाना पुलिस से सहयोग ले सकते हैं। यही नहीं महिला कल्याण विभाग के अधिकारी को भी सूचना दे सकते हैं।
एनजीओ की सेवाएं फिलहाल खत्म
एक सितंबर से जिले में चाइल्ड लाइन एनजीओ ने काम करना बंद कर दिया है। चाइल्ड लाइन के पूर्व समन्वयक निर्वाण सिंह ने बताया कि अब जिला प्रोबेशन अधिकारी ही इसका काम देखेंगी। जिले में अब चाइल्ड लाइन की कोई टीम काम नहीं कर रही है।
वर्जन
एक सितंबर से चाइल्ड लाइन का काम महिला कल्याण विभाग के अधीन हो गया है। हालांकि अभी 1098 नंबर चालू है। इस पर फोन जाने के बाद कंट्रोल रूम से कॉल संबंधित विभाग को अग्रेषित की जाती है। – प्रगति गुप्ता, जिला प्रोबेशन अधिकारी