Pilibhit News: बेटियों को होनहार बनाने में लगा दिया जीवन

मुख्यमंत्री के साथ दिग्विजय सिंह उनकी बेटियां हनी हंसी व पत्नी । संवाद
फादर्स डे पर विशेष:
ट्यूशन पढ़ाई, उधार लिया, बेटियों ने कई टीवी कार्यक्रमों में भाग लेकर दिखाई प्रतिभा
सीएम समेत कई राज्यों की सरकार कर चुकी है दोनों को सम्मानित
संवाद न्यूज एजेंसी
पीलीभीत। अमूमन हर बच्चे की सफलता के पीछे उनके मां-बाप का हाथ होता है, लेकिन इनमें कुछ माता-पिता ऐसे होते हैं जो बच्चों के लिए पूरा जीवन खपा देते हैं। बीसलपुर के दिग्विजय सिंह भी ऐसे ही है। आर्थिक स्थिति कुछ खास न होने के बाद भी उन्होंने दोनों बेटियों को इतना होनहार बनाया कि मुख्यमंत्री तक ने उन्हें सम्मानित किया।
बीसलपुर सरस्वती विद्या मंदिर इंटर कॉलेज में शिक्षक दिग्विजिय सिंह की दो बेटियां हैं। हनी और हंसी सिंह। दिग्विजय बताते हैं कि उन्होंने कभी नहीं सोचा कि उनके बेटा हो। दोनों बेटियों को ही कुछ बनाने की ठानी। आर्थिक स्थिति ठीक नहीं थी। ट्यूशन पढ़ाकर गुजारा करते थे। चूंकि बेटियां बचपन से होनहार थीं इसलिए उनकी मेहनत सफल होती चली गई।
दिग्विजय सिंह ने बताया कि उनकी बेटियों कई टीवी शो में भाग ले चुकी हैं। चार-पांच साल की उम्र से बेटियां टीवी शो में भाग ले रहीं हैं। ऐसे में बेटियों को अच्छे स्कूल में पढ़ाना भी जरूरी था। लिहाजा दिन में 10-12 घंटे तक ट्यूशन पढ़ाई। बेटियों को पढ़ने के लिए बरेली भेजा। पता था फीस ज्यादा है लिहाजा अपने खर्चों में कटौती की।
बेटियों के टीवी शो में शामिल कराने के लिए दिग्विजय सिंह को महीनों ट्यूशन छोड़नी पड़ती थी। बताते हैं कि अप्रैल से जुुलाई तक दिल्ली, नोएडा, गाजियाबाद आदि जगहों पर जाकर बेटियों को शो की तैयारी कराते रहे। चाहते तो इस दौरान भी ट्यूशन से अच्छा खासा कमा लेते। लेकिन उन्होंने ऐसा नहीं किया।
हालांकि कभी कभार रिश्तेदारों से उधार भी लेना पड़ा, लेकिन बेटियों के भविष्य के लिए कभी भी हालात से समझौता नहीं किया। बोले- पता था कि अगर रुक गया तो इनका भविष्य रुक जाएगा। उनकी मेहनत का नतीजा रहा कि दोनों बेटियों ने टीवी शो में खूब नाम कमाया।
उन्होंने बयया कि सन 2013 में मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने एक टैलेंट शो जीतने पर दोनों बेटियों को सम्मानित किया। एक जुलाई 2018 को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बेटियों को सम्मानित किया। दोनों बेटियों ने बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ अभियान में यहां से लेकर नेपाल तक जागरूकता अभियान भी चलाए। इसके अलावा कौन बनेगा करोड़पति में भी दोनों भाग ले चुकी हैं।
प्रदेश के अलावा दिल्ली व उत्तराखंड की सरकार भी दोनों बेटियों को सम्मानित कर चुकी है। 14 साल की हनी 10वीं में और 17 वर्षीय हंसी 12वीं में पढ़ रही है। दोनों कहती है कि आज वह जो कुछ भी हैं अपने पिता की मेहनत के दम पर हैं।



