Pilibhit News: आशंकित हैं किसान… कहीं बीच वर्षाकाल में धोखा न दे जाए मानसून

एक खेत पर इंजन से भरा जा रहा पानी ।
पीलीभीत। बरसात के मौसम में भी इस बार मेघ धोखा दे रहे हैं। किसान धान की फसल के लिए बेहतर बारिश का इंतजार कर रहे हैं। हाल यह है कि जुलाई का महीना निकल गया, लेकिन अब तक महज 180 मिमी ही बारिश हो सकी है। बीते साल जुलाई में जिले में 300 मिमी बारिश दर्ज की गई थी। इसे देखते हुए किसानों को आशंका है कि कहीं मानसून धोखा न दे जाए।
जिले में करीब दो लाख किसान है। इस बार जिले में 1.40 लाख एकड़ में धान की रोपाई की गई है। अब धान की फसल के लिए पानी की जरूरत है। पानी न मिलने से धान में कई बीमारी भी लगने की आशंका रहती है। किसान फसल बचाने के लिए इंजन से पानी लगा रहे हैं। गरीब किसान बारिश पर ही निर्भर हैं।
पिछले साल हुई झमाझम बारिश ने किसानों को धान की फसल की सिंचाई की चिंता से मुक्त रखा था। इस बार ऐसा नहीं हो पा रहा है। पर्याप्त बारिश नहीं हो रही। किसान डीजल खरीदकर इंजन से पानी लगा रहे हैं। कृषि वैज्ञानिक डॉ. एसएस ढाका की मानें तो पिछले साल जिले में जून और जुलाई में तीन सौ मिमी बारिश हुई थी, लेकिन इस बार इन दो माह में महज 180 मिमी ही बारिश हो सकी है। यह नाकाफी है।
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जिला कृषि अधिकारी से रिपोर्ट मांगी गई थी। उनकी रिपोर्ट में कहा गया है कि जिले में अब तक पर्याप्त बारिश नहीं हुई है। हालांकि अभी बारिश का सीजन है। उम्मीद है आगे अच्छी बारिश होगी। – राम सिंह गौतम, एडीएम वित्त एवं राजस्व