Rampur News: गर्भवती की मौत के मामले में अस्पताल सील, डॉक्टर पर मुकदमा
रामपुर। स्वार के मिलकखानम में निजी अस्पताल में गर्भवती की मौत के बाद स्वास्थ्य विभाग हरकत में आ गया। बृहस्पतिवार दोपहर में गर्भवती की मौत के बाद रात में स्वास्थ्य विभाग के नोडल अधिकारी डॉ. केके चहल ने मृतका के पति की तहरीर पर डायमंड अस्पताल के संचालक डॉ. इमरान के खिलाफ गैर इरादतन हत्या और धोखाधड़ी की दो रिपोर्ट दर्ज कराईं। साथ ही अस्पताल को सील कर दिया गया।थाना मिलक खानम अंतर्गत लल्लूपुरा आका नगर गांव निवासी अमर सिंह की 35 वर्षीय पत्नी मायावती को बृहस्पतिवार की दोपहर प्रसव पीड़ा के चलते परिजन मिलक खानम में डायमंड अस्पताल लेकर पहुंचे थे। अस्पताल के स्टॉफ ने नॉर्मल डिलीवरी करने की बात कहते हुए महिला को भर्ती कर लिया। डॉक्टर द्वारा नॉर्मल डिलीवरी करने के लिए दवा दी गई। शाम करीब सात बजे महिला की हालत बिगड़ने लगी और कुछ देर बाद ही उसकी मौत हो गई।
गर्भवती की मौत के बाद परिजनों ने स्टाफ पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए हंगामा किया। जिसके बाद अस्पताल संचालक और स्टाॅफ फरार हो गया था। सूचना पर पहुंची सीओ स्वार अनुज चौधरी ने लोगों को समझाकर शांत कराया था। रात करीब नौ बजे एसीएमओ एवं नोडल अधिकारी डॉ. केके चहल भी निजी अस्पताल पहुंचे तो स्टाॅफ गायब मिला। जांच में पाया कि अस्पताल का पंजीकरण क्षेत्रीय आयुर्वेदिक एवं यूनानी अधिकारी कार्यालय में है, लेकिन यहां पर एलोपैथिक दवाओं से इलाज किया जा रहा है।
इसके चलते नोडल अधिकारी ने मिलकखानम थाने में डॉ. इमरान निवासी अलीनगर टाह बेरे की मंडैया थाना मिलकखानम के खिलाफ धोखाधड़ी और राष्ट्रीय स्वास्थ्य अधिनियम की धारा 34 के तहत रिपोर्ट दर्ज करा दी। उधर, मृतका के पति अमर सिंह की तहरीर पर डॉ. इमरान के खिलाफ गैर इरादतन हत्या की रिपोर्ट दर्ज कराई गई है। साथ ही नोडल अधिकारी ने अस्पताल को सील करा दिया। थानाध्यक्ष शेर पाल सिंह ने बताया की जांच शुरू कर दी गई है।