Rampur News: दो साल में बनी सड़कों का होगा सत्यापन, टीमें होंगी गठित
रामपुर।
जिलाधिकारी रविंद्र कुमार मांदड़ ने दो साल में बनी सड़कों का सत्यापन कराने केआदेश दिए हैं। इसके लिए टीमों का भी गठन किया जाएगा। सत्यापन में सड़कों की गुणवत्ता यदि ठीक नहीं मिली तो संबंधित के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
कलेक्टर सभागार में जनपद में चल रहे विभिन्न प्रकार के निर्माण कार्यों की प्रगति को लेकर समीक्षा बैठक करते हुए उन्होंने जिलाधिकारी ने अधिशासी अभियंता पीडब्ल्यूडी और अधिशासी अभियंता ग्रामीण अभियंत्रण को निर्देशित करते हुए कहा कि पिछले दो साल में बने विभिन्न मार्गो की भौतिक स्थिति का सत्यापन होगा, इसके लिए संबंधित एसडीएम की अध्यक्षता में टीम गठित होगी। कहा कि यदि मेंटेनेंस अवधि के दौरान कोई मार्ग क्षतिग्रस्त होता है तो यह माना जाएगा की मार्ग के निर्माण में गुणवत्ता का ध्यान नहीं रखा गया है और इसके लिए संबंधित अभियंता और कॉन्ट्रेक्टर के विरुद्ध कार्रवाई की जाएगी।
कहा कि मुख्यमंत्री द्वारा इस संबंध में स्पष्ट रूप से निर्देश दिए गए हैं कि मार्गों के निर्माण में गुणवत्ता के साथ समझौता करने वालों के विरुद्ध जीरो टॉलरेंस के साथ कार्रवाई हो। कहा कि पीडब्ल्यूडी और ग्रामीण अभियंत्रण के अधिशासी अभियंता यह सुनिश्चित करें कि 25 सितंबर तक जनपद के क्षतिग्रस्त मार्ग दुरुस्त हो जाने चाहिए और इस संबंध में 25 सितंबर को अधिकारी प्रमाण पत्र भी देंगे। उन्होंने लालपुर पुल से लालपुर की तरफ जाने वाले मार्ग के दोनों किनारो पर सुरक्षात्मक कार्य करने के लिए भी निर्देश दिए। डीएम ने जिले के विभिन्न मार्गों पर बनाए गए स्पीड ब्रेकर क्षतिग्रस्त हो गए हैं जिसकी वजह से आमजन को काफी असुविधा का सामना करना पड़ रहा है। इसलिए अधिशासी अभियंता तत्काल प्रभाव से स्पीड ब्रेकरों को दुरुस्त कराएं और डिवाइडरों को पेंट करने की कार्रवाई भी प्रारंभ करें। बैठक में सीडीओ नंदकिशोर कलाल, जॉइंट मजिस्ट्रेट अभिनव जैन, सीएमओ डॉ एसपी सिंह सहित अन्य अधिकारी मौजूद रहे।
पीडब्लूडी कर्मचारियों के आवास जर्जर घोषित
रामपुर। सौ साल पूरे कर चुके पीडब्लूडी के कर्मियों के आवासों को जर्जर घोषित करते हुए इनको खाली करने के आदेश जारी किए गए हैं। लोक निर्माण विभाग के अधिशासी अभियन्ता प्रान्तीय खण्ड लोक निर्माण विभाग कृष्ण वीर ने बताया कि महल सराय किला में आवासीय कॉलोनी है। इनका निरीक्षण कराया गया था,जिसे जर्जर घोषित किया गया है। निरीक्षण के उपरान्त प्रभारी अभियन्ताओं द्वारा बताया गया है कि आवासीय कॉलोनी में स्थित आवास लगभग सौ वर्ष से अधिक पुराने हैं, जो कि जर्जर अवस्था में हैं जिनको विशेष मरम्मत से ठीक कराना सम्भव नहीं है। आवासों का इस्तेमाल नहीं होना चाहिए। बताया कि आवासों में रहने वाले कार्मिकों को आवास खाली किए जाने हेतु नोटिस जारी कर दिया गया है। यदि आवास रिक्त न करने की दशा में अथवा अध्यासन अवधि में किसी भी प्रकार की अप्रिय घटना होती है तो उसके लिए वे स्वयं जिम्मेदार होंगे।