Shahjahanpur News: मध्याह्न भोजन में फल वितरण योजना ‘असफल’
शाहजहांपुर। बेसिक शिक्षा विभाग में फल वितरण योजना दम तोड़ने लगी है। जिले के परिषदीय विद्यालयों में फल खरीदने के लिए शिक्षकों के खातों में इस सत्र में धनराशि नहीं भेजी गई। ऐसे में बहुत से स्कूलों में फल वितरण ही बंद हो गया है। हालांकि, कुछ शिक्षक अपने स्तर से फल वितरण करा रहे हैं।
शासन की ओर से परिषदीय विद्यालयों में पढ़ने वाले बच्चों को मध्याह्न भोजन में ताजे फल देने के आदेश हैं। इसका अनुपालन करने के लिए बीएसए रणवीर सिंह ने सभी विद्यालयों के प्रधानाध्यापकों को निर्देश दिए हैं लेकिन इस वित्तीय वर्ष में फल वितरण के लिए उनके खातों में धनराशि नहीं आई। शिक्षकों को अपनी जेब से फल खरीदकर वितरण कराने पड़ रहे हैं। शिक्षक एसोसिएशन की ओर से कई बार बीएसए को ज्ञापन देकर धनराशि का भुगतान कराने की मांग भी की गई लेकिन इसका कोई फायदा नहीं हुआ जिस कारण ग्रामीण क्षेत्रों के कुछ स्कूलों में फल वितरण ही बंद हो गया। ये विद्यालय अधिकतर वे हैं, जहां पर एक भी शिक्षक नियुक्त नहीं है और विद्यालय शिक्षामित्र चला रहे हैं।
चार रुपये प्रति छात्र आती है धनराशि
परिषदीय विद्यालयों के बच्चों को फल वितरण के लिए प्रति छात्र चार रुपये की धनराशि प्रधानाध्यापकों के खातों में भेजी जाती है। इस शैक्षिक सत्र में करीब 3.37 लाख छात्र-छात्राएं जिले के परिषदीय विद्यालयों में पंजीकृत हैं। बीएसए कार्यालय के कर्मचारी मनोज सिंह ने बताया कि इस वित्तीय वर्ष में करीब तीन करोड़ रुपये आने हैं।
छात्र-छात्राओं को फल वितरण के लिए धनराशि जल्द ही प्रधानाध्यापकों को खातों में भेजी जाएगी। इसकी फाइल जिला प्रशासन के पास स्वीकृति के लिए भेजी गई है। जैसे ही फाइल स्वीकृत होगी, धनराशि भेज दी जाएगी।
– रणवीर सिंह, बीएसए, शाहजहांपुर।