Shahjahanpur News: तिलहर रेलवे स्टेशन मार्ग बंद करने पर हंगामा, अधिकारियों से नोकझोंक
तिलहर। रेलवे क्राॅसिंग पर ओवरब्रिज निर्माण को लेकर रेलवे स्टेशन मार्ग पूरी तरह बंद किए जाने से नाराज गांव डभौरा के ग्रामीणों और व्यापारियों ने बुधवार को नाराजगी जताते हुए हंगामा किया। प्रभारी तहसीलदार जगत मोहन जोशी ने लोगों को रास्ता दिलाए जाने का आश्वासन देकर मामला शांत किया।
तिलहर-निगोही मार्ग पर तिलहर रेलवे स्टेशन की रेलवे क्रॉसिंग पर ओवरब्रिज निर्माण के लिए 34 करोड़ रुपये से कार्यदायी संस्था राज्य सेतु निर्माण निगम की ओर से 15 जून से काम शुरू कर दिया गया है। चार जुलाई को कार्यदायी संस्था ने दोनों ओर से सड़क को पूरी तरह से आवागमन के लिए बंद कर दिया। सड़क बंद करने से पहले किसी ने भी रूट डायवर्जन को सार्वजनिक नहीं किया। इससे लोगों को आवागमन में परेशानी हुई। बच्चे भी स्कूल नहीं जा पाए।
बुधवार की सुबह गांव डभौरा के जिला पंचायत सदस्य सौरभ सिंह गांधी, प्रधान के पति शकील अंसारी, समाजसेवी रितेश कुमार के साथ व्यापारी और तमाम लोग रास्ता पूरी तरह से बंद होने को लेकर नाराजगी जताते हुए हंगामा करने लगे। इस दौरान निर्माण निगम के साइट इंजीनियर रोहित कुमार से लोगों की नोकझोंक भी हो गई।
मौके पर पहुंचे प्रभारी तहसीलदार जगत मोहन जोशी ने साइट इंजीनियर को लोगों की समस्या का निदान निकालने को कहा। कुछ देर बाद निर्माण निगम के अधिशासी अभियंता विजेंद्र अग्रवाल, एई आशीष कुमार भी मौके पर पहुंच गए। इस दौरान लोगों ने अधिकारियों से निर्धारित किए गए रूट डायवर्जन के अलावा गांव डभौरा तथा रेलवे स्टेशन पर आने-जाने वाले लोगों के निकास के लिए रेलवे स्टेशन के पश्चिम दिशा में स्थित रेलवे क्रॉसिंग 335-सी का गेट खुलवाने की मांग की।
कार्यदायी संस्था के अधिकारियों और प्रभारी तहसीलदार ने रेलवे के बंद गेट 335 सी का अवलोकन किया। यह मार्ग सही पाए जाने पर तहसीलदार ने रेलवे स्टेशन मास्टर से मुलाकात करते हुए गेट खुलवाने की बात कही। इस दौरान निर्माण निगम के अधिशासी अभियंता विजेंद्र अग्रवाल ने मुरादाबाद मंडल रेल प्रबंधक से फोन पर बात करते हुए तत्काल गेट 335 को खुलवाने और रेलवे गेट 333 बी को शाम छह बजे के बाद भी खुलवाने की अपील की।
अधिशासी अभियंता ने बताया कि वह अपने स्तर से अभी व्हाट्सएप से पत्र मुरादाबाद भेज रहे हैं। इसके बाद शीघ्र ही दोनों गेट आवागमन के लिए खोल दिए जाएंगे। प्रभारी तहसीलदार जगत मोहन जोशी ने बताया कि चीनी मिल प्रबंधक से भी बातचीत की जा रही है। इसके बाद चीनी मिल का बीच वाला गेट वैकल्पिक व्यवस्था के तौर पर खोल दिया जाएगा।

