Budaun News: गंगा में बच्चों समेत 12 श्रद्धालु बहे, एक की मौत, दो लापता

गंगा में लापता युवक की खोज कराते तहसीलदार। संवाद
– कछला घाट पर युवकों समेत छह श्रद्धालुओं को गोताखोरों ने सुरक्षित बाहर निकाला
– सहसवान तहसील क्षेत्र में अलग-अलग घाट पर हुए हादसे, तीन युवक बचाए गए
– हाथरस की बालिका की तलाश में निजी गोताखोर लगाए गए
संवाद न्यूज एजेंसी
बदायूं। उझानी में अलग-अलग घाटों पर डुबकी लगाते समय गहराई में चले जाने से बालिका समेत सात श्रद्धालु बह गए। गोताखोरों ने मशक्कत कर छह श्रद्धालुओं को तो सुरक्षित बाहर निकाल लिया, लेकिन बालिका का देर शाम तक पता नहीं लग पाया। बालिका हाथरस जिले के हसायन की निवासी है। इसके अलावा सहसवान क्षेत्र में पांच युवक अलग-अलग घाटों पर बह गए। इसमें एक की मौत हो गई, जबकि एक लापता है।
उझानी। पहला हादसा रेल पुल से पश्चिम की ओर घाट से करीब आधा किलोमीटर दूर हुआ। घाट पर भीड़भाड़ की वजह से हाथरस जिले में हसायन निवासी तेजेंद्र और बांके लाल के परिजन बच्चों के साथ आगे बढ़ते चले गए। किनारे पर ही कपड़े रखकर दोनों परिवार के लोग डुबकी लगाने लगे। उसी दौरान तेजेंद्र की आठ वर्षीय बेटी प्रतिज्ञा, बांकेलाल के बच्चों में दिगंबर (सात) और सपना (नौ) बहने लगीं तो परिजनों ने शोर मचाना शुरू कर दिया। दौड़कर पहुंचे गोताखोरों ने दिगंबर और सपना को सुरक्षित बाहर निकाल लिया, लेकिन प्रतिज्ञा का पता नहीं चल पाया। देर शाम तक उसकी खोजबीन चलती रही।
पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों ने भी लापता प्रतिज्ञा के तलाश के लिए अलग से गोतखोरों की टीमें लगा दी हैं। इसके अलावा बिल्सी थाना क्षेत्र के गांव सूरजपुर निवासी शिवकुमार पुत्र भानुप्रताप, एटा के कासिमपुर प्रदीप पुत्र अनार सिंह, कोतवाली क्षेत्र के धौरेरा गांव नीतू पुत्री नेत्रपाल भी डुबकी लगाते समय बह गई। इनमें प्रदीप और शिवकुमार को गोताखोरों तो नीतू को उसके परिजनों ने सकुशल निकाल लिया। इसके अलावा कासगंज का एक युवक भी बहा, लेकिन उसे नाविक ने खींच लिया।
सहसवान। मंगलवार को दशहरा पर्व पर सहसवान क्षेत्र के गांव बैरपुर मानपुर निवासी भूपेंद्र, बौना, पिंटू, गोविंद गंगा स्नान करने गए थे। वह चारों सोनबुढी गंगा घाट पर स्नान कर रहे थे। इसी दौरान भूपेंद्र, बौन, पिंटू गंगा में बहने लगे। उनके पास में ही स्नान कर रहे उनके साथी गोविंद ने तीनों को सकुशल बचा लिया। मगर, उनको बचाते-बचाते वह गहरे गड्ढे में चला गया, जिससे वह डूब गया। हादसे की सूचना मिलते ही एसडीएम सहसवान पुलिस फोर्स के साथ मौके पर पहुंच गए। उसकी तलाश के लिए गोताखोरों को लगाया गया, लेकिन उसका पता नहीं चला।
इधर, जरीफनगर क्षेत्र के गांव लहरा सलेमपुर निवासी 18 वर्षीय विजेंद्र पुत्र चंद्रपाल क्षेत्र के ही शांकुरा घाट पर गंगा स्नान करने गया था। स्नान करते समय वह गंगा में डूब गया। काफी मशक्कत के बाद उसको बाहर निकाला गया। इसके बाद परिजन पुलिस की मदद से उसको जुनावई सीएचसी ले गए, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
रेल पुल पर होकर गुजरते रहे श्रद्धालु, नहीं आई आरपीएफ
कछला। कछला में गंगा स्नान के लिए आए श्रद्धालुओं में युवकों समेत कई लोग रेल पुल पर होकर ही दूसरी तरफ जाने लग गए। यह देख राजस्व विभाग के एक अफसर ने पहले तो कर्मचारियों को भेजकर श्रद्धालुओं को समझाने की कोशिश की, लेकिन कोई नहीं माना। पूर्वाह्न में श्रद्धालुओं की बढ़ गई। इसके बाद अफसर ने आरपीएफ बुलाने के लिए फोन कराया, फिर भी फोर्स मौके पर नहीं पहुंचा। हादसे की आशंका के चलते अफसर भी परेशान रहे। बता दें कि रेल पुल पर होकर पैदल निकलने का रास्ता नहीं है। संवाद