Budaun News: स्वयं सहायता समूह के 3.18 लाख हड़पे
बदायूं। शहर की एचडीएफसी बैंक शाखा में स्वयं सहायता समूह की महिलाओं के 3.18 लाख रुपये हड़प लिए गए। इसकी जांच में एचडीएफसी बैंक के मैनेजर, सेल्स ऑफिसर और एजेंट की मिलीभगत सामने आई। फिलहाल तीनों को हटा दिया गया है। पश्चिमी उत्तर प्रदेश एवं उत्तराखंड के विवेचना प्रबंधक हिमांशु सेंगर ने तीनों के खिलाफ धोखाधड़ी के आरोप में एफआईआर दर्ज कराई है। कोतवाली पुलिस ने जांच शुरू कर दी है।
कोतवाली क्षेत्र में परशुराम चौक के नजदीक व गांधी ग्राउंड के सामने एचडीएफसी की शाखा है। इसमें तमाम स्वयं सहायता समूह की महिलाओं के खाते हैं। इस वर्ष जनवरी और फरवरी में 15 स्वयं सहायता समूह की महिलाओं ने किस्त उठाने आए कर्मचारियों से उनकी किस्त जमा न करने की शिकायत की थी। उन्होंने इसकी जानकारी पश्चिमी उत्तर प्रदेश एवं उत्तराखंड के विवेचना प्रबंधक हिमांशु सेंगर को दी।
उन्होंने आगरा से बदायूं आकर पूरे मामले की छानबीन की। पता चला कि बैंक की ओर से 22 स्वयं सहायता समूह को ऋण दिया गया था, जिनमें 15 समूह का 3,18,422 रुपये बैंक के मैनेजर प्रमोद कुमार शर्मा, सेल्स ऑफिसर लोकेश प्रताप सिंह और एजेंट मुकेश कुमार ने मिलकर यह रकम हड़प लिए। उन्होंने समूह के 3,18,422 रुपये खाते में जमा ही नहीं किए।
मार्च माह में इसकी जांच हुई तो तीनों कर्मचारी दोषी पाए। इसके बाद तीनों को बैंक से हटा दिया गया। अब इस मामले में विवेचना प्रबंधक हिमांशु सेंगर ने तीनों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई है। तीनों कर्मचारियों ने त्याग पत्र दे दिया है, लेकिन अभी उनका त्यागपत्र स्वीकार नहीं किया गया है। उनके खिलाफ कार्रवाई कराई जा रही है।
स्वयं सहायता समूह के रुपये हड़पने के बारे में तब पता चला था, जब कर्मचारी गांव-गांव जाकर किस्त जमा करने गए थे। महिलाओं ने अपनी किस्त जमा होने की शिकायत की थी। इसकी जांच कराई गई, जिसमें बैंक मैनेजर, सेल्स ऑफिसर और एजेंट दोषी पाए गए। उनके खिलाफ एफआईआर दर्ज करा दी है। पुलिस भी जांच कर रही है। – हिमांशु सेंगर, विवेचना प्रबंधक, पश्चिमी उप्र एवं उत्तराखंड, एचडीएफसी बैंक